नवंबर 2021 में आरोपी से दिल्ली में मिले थे संचालन सहायकसंवाद न्यूज एजेंसी
बल्लभगढ़। दिल्ली स्थित प्रधानमंत्री कार्यालय में क्लर्क की नौकरी दिलाने के नाम पर संचालन सहायक से 8 लाख रुपये की ठगी की गई। आरोपी ने खुद को आईएएस ऑफिसर बताया था। नौकरी के सिलसिले में ही संचालन सहायक आरोपी से नवंबर 2021 में दिल्ली में मिले थे। थाना आदर्श नगर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आशियाना अपार्टमेंट सेक्टर-62 निवासी जितेन्द्र सिंह ने बताया कि वह निजी कंपनी में संचालन सहायक के पद पर कार्यरत है। साल 2021 में उनके जीजा ने साल 2021 में सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर दिल्ली निवासी मधु गणेश मैनन से मिलवाया था। आरोपी मधु ने उनको बताया कि वह दिल्ली स्थित प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ हाउस) में आईएएस के पद पर कार्यरत हूं। अगर किसी को नौकरी लगवानी है, तो वह लगवा सकते है। पीड़ित जितेंद्र ने बताया कि वह बीए पास है। आरोपी ने उनको होम मिनिस्ट्री में क्लर्क के पद पर लगवा सकते हैं। उसके लिए आठ लाख रुपये देने होंगे। नवंबर 2021 में उन्होंने आरोपी को आठ लाख रुपये दिए थे। दो साल बीत जाने के बाद जब उनसे पैसे वापस मांगे, तो आरोपी ने कहा कि उनको सात लाख रुपये और भी देने होंगे। जिस पर उनको शक हुआ। उन्होंने अपने स्तर पर जांच की तो पता चला कि विभिन्न लोगों से नौकरी दिलाने के नाम पर एक करोड़ रुपये ले रखे हैं। जब भी पीड़ित आरोपी से पैसे मांगता तो वह उनको जान से मारने और झूठे केस में फंसाने की धमकी दी। आरोपी मूलरूप से केरल का रहने वाला है। वह दिल्ली के विभिन्न होटलों में अपनी पत्नी साेनू के साथ रहता है।
5 से 10 प्रतिशत के ब्याज पर लिए थे पैसे
जितेंद्र ने बताया कि उसने नौकरी के लालच में बाजार से 5 से लेकर 10 प्रतिशत के ब्याज पर साल 2021 में पैसे उठाए थे। आरोपी ने कहा कि नौकरी लगने के बाद वह दो से तीन महीने के अंदर सभी का कर्ज उतार देंगे। इसलिए उन्होंने आरोपी के बहकावे में आकर बाजार से पैसे उठा लिए। अब वह हर महीने करीब 15 हजार रुपये ब्याज भरते हैं।
पांच और लोगों से की ठगी
जितेंद्र ने बताया कि फरीदाबाद से करीब 5 से 6 लोग और भी है। इससे आरोपी ने नौकरी लगवाने के नाम पर लाखों रुपये की ठगी की है। अभी किसी और व्यक्ति केस दर्ज नहीं करवाया है। वह भी जल्द करवाने की तैयार कर रहे है।