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हिरासत में युवक की मौत... इंस्पेक्टर और एसआई के खिलाफ केस दर्जसबहेड
कई अन्य पुलिसकर्मियों पर भी एफआईआर, पुलिस आयुक्त ने सभी आरोपियों को लाइनहाजिर करने के आदेश दिए
न्यायिक जांच के लिए ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट नियुक्त


संवाद न्यूज एजेंसी



फरीदाबाद। हिरासत में शैकुल नामक युवक की मौत के आरोप में पुलिस ने एनआईटी साइबर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर बसंत कुमार और एसआई राजेश कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर लिया है। मामले की न्यायिक जांच के लिए अदालत ने ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट की नियुक्ति की है। वहीं देर शाम कर शव का पोस्टमार्टम कर दिया गया। परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी तक शव लेने से इन्कार कर दिया है। पुलिस आयुक्त ने सभी आरोपी पुलिसकर्मियों को लाइनहाजिर करने के आदेश दिए।

मृतक शैकुल के भाई साबिर ने शिकायत में कहा कि भाई को एसआई राजेश कुमार की टीम ने सादे कपड़ों में 19 जुलाई की रात दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के चिडवाई गांव के पास से उठाया था और मारपीट करते हुए फरीदाबाद लाए थे। 20 जुलाई को साइबर थाने से फोन आया कि शैकुल को गोविंद के नाम पर गलती से उठा लिया है। उसे ले जाओ, पर गोविंद को साथ ले आना। आरोप है कि 20 जुलाई को वह अपने साथ तारीफ नामक व्यक्ति को साथ लेकर साइबर थाने पहुंचा। पुलिसकर्मियों ने शैकुल को छोड़ने और केस रफा-दफा करने के लिए 1.65 लाख रुपये की मांग की। 21 जुलाई को 1.65 लाख रुपये गोविंद के खाते से निकालकर क्राइम ब्रांच पलवल के इंस्पेक्टर भजनलाल की मौजूदगी में एसआई राजेश कुमार को दिए। इसके बाद राजेश ने कहा कि शैकुल के साथ कुछ मारपीट हुई है, उसे ठीक होने के बाद छोड़ेंगे। 23 जुलाई को शैकुल की मौत की खबर मिली।
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पुलिस के मुताबिक, साइबर थाना एनआईटी की टीम ने 20 जुलाई को शैकुल खान के अलावा नरेंद्र, धर्मेंद्र, साबिर व अली मोहम्मद को साइबर ठगी के आरोप में गिरफ्तार कर 21 जुलाई को अदालत में पेश किया। अदालत ने सभी आरोपियों का 10 दिन का पुलिस रिमांड मंजूर कर लिया। 21 जुलाई को आरोपी शैकुल ने कमजोरी महसूस होने व सांस लेने में दिक्कत की शिकायत की। उसे बीके अस्पताल ले जाया गया, जहां पर डॉक्टरों ने दवाइयां दीं। 22 जुलाई को शैकुल ने फिर कमजोरी होने की बात पुलिस को बताई। पुलिस उसे फिर बीके अस्पताल लेकर गई और इलाज के बाद वापस थाने ले आए। रविवार सुबह शैकुल को अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
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इंस्पेक्टर बसंत कुमार और एसआई राजेश कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर सभी को लाइन हाजिर कर दिया है। ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट आकृति वर्मा की मौजूदगी में वीडियोग्राफी करवाकर डॉक्टरों के बोर्ड से शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।

-सूबे सिंह, पुलिस प्रवक्ता
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