पुलिसकर्मी बन बुजुर्ग महिलाओं से ठगी
फरीदाबाद। कुछ दिन शांत रहने के बाद पुलिसवाले बनकर बुजुर्ग महिलाओं से गहने ठगने वाले बदमाश फिर सक्रिय हो गए हैं। बुधवार को इन ठगों ने तीन जगह बुजुर्ग महिलाओं से जेवर ठग लिए और फरार हो गए। बदमाशों ने एक वारदात सेक्टर-16, दूसरी सेक्टर-15ए व तीसरी आईपी कॉलोनी, सेक्टर-31 में की। पुलिस ने धोखाधड़ी की तीनों मामले दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सेक्टर-15ए निवासी 65 वर्षीय सुषमा राजपूत के पति ज्ञानचंद ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि बुधवार सुबह उनकी पत्नी घर के पास ही किसी काम से गई थीं। रास्ते में विद्या मंदिर स्कूल के पास मोटरसाइकिल सवार तीन युवक और उनसे कहने लगे कि वे पुलिस वाले हैं। उन्होंने बताया कि लूटपाट की वारदात बढ़ गई हैं। कुछ दिन पहले ही बदमाश एक महिला को चाकू मारकर गहने लूट कर ले गए थे। इसलिए वे अपने कंचन उतरकर रख लें। ठगों ने मदद के बहाने महिला के कंचन एक कागज में लपेटकर उन्हें वापस दे दिए। सुषमा राजपूत ने घर पहुंचकर जब कागज खोलकर देखा तो वह हैरान रह गई। कागज में सोने की बजाय नकली कंगन थे। उन्होंने पति को इस बारे में बताया और इसकी शिकायत पुलिस में की।
इसी तरह सेक्टर-16 निवासी सुमित्रा देवी सेक्टर-16 सब्जी मंडी गई थीं। मंडी से वापस रिक्शे में वे घर लौट रहीं थी तो रास्ते में दो युवकों ने उन्हें रोक लिया। खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए उन्हें भी बदमाशों ने लूटपाट का झांसा देते हुए अपनी बातों में उलझा लिया। इस दौरान एक युवक ने उनके हाथों में पहनी चूड़ियां उतरवा ली और फिर उसे एक कागज में लपेटकर देते हुए बैग में रखने को कहा। महिला ने पैकेट अपने पर्स में रखा और घर आ गई। घर में जब उन्होंने कागज खोला तो उसमें असली की बताए नकली चूड़ियां थीं। इसकी शिकायत उन्होंने सेक्टर-16 चौकी में की। तीसरी घटना सेक्टर-28 निवासी बिमला देवी के साथ हुई। बिमला देवी किसी काम से आईपी कॉलोनी गई थीं और वहां पुलिसकर्मी बने ठगों ने उनके दो कंगन उतरवा लिए और फरार हो गए। पुलिस ने तीनों मामले दर्ज कर ठगों की तलाश शुरू कर दी है। थाना पुलिस के अलावा क्राइम ब्रांच की टीमों को भी उनकी तलाश में लगाया गया है।