संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। जिले के शैक्षणिक संस्थानों में 25 हजार विद्यार्थियों ने चंद्रयान-3 के चंद्रमा की सतह पर उतरने का सीधा प्रसारण बुधवार शाम 5:15 से 6:15 बजे तक देखा। चंद्रमा पर इसके उतरते ही पूरा स्कूल परिसर तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। इस दौरान बच्चों में काफी उत्साह देखा गया। स्कूलों में सुबह से ही इसे दिखाने के लिए तैयारियां की जा रही थीं। कुछ स्कूलों में टीवी स्क्रीन पर दिखाया गया तो कहीं एजुसेट के माध्यम से दिखाया गया। यह पहला ऐसा अवसर है, जब देर शाम जिले के लगभग सभी शैक्षणिक संस्थान खुले हुए थे।
राजकीय स्कूल सुबह से चंद्रयान-3 का सीधा प्रसारण दिखाने के लिए एजुसेट को ठीक कराने में जुटे रहे। शाम 5 बजते ही स्कूली छात्र एजुसेट और टीवी के सामने बैठ गए। उनकी नजरें टीवी पर टीकी हुई थीं। शुरू में तो कई महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। चंद्रयान-3 के सतह पर उतरने की एक-एक जानकारी मुहैया कराई गई। कुछ बच्चों का कहना था कि यह एक अद्भूत अनुभव रहा। इससे पहले उन्होंने चांद के विषय में सिर्फ बड़ों से सुना था। अजरौंदा स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की प्रधानाचार्य पूनम का कहना है कि बच्चे इसका सीधा प्रसारण देखने के लिए काफी उत्साहित रहे। शाम 4 बजे ही वह स्कूल पहुंच गए। सेक्टर 55 स्थित मॉडर्न संस्कृति स्कूल के प्रधानाचार्य सत्येंद्र सरौत ने बताया कि बड़ी टीवी स्क्रीन पर बच्चों ने चंद्रयान तीन का सीधा प्रसारण देखा। इस दौरान बच्चों के साथ उद्योगपति एसएस बांगा भी मौजूद रहे।
वर्जन
जिले के सभी स्कूलों में एजुसेट के माध्यम से चंद्रयान 3 को उतरते हुए दिखाया गया। इस संबंध में जिले के सभी स्कूल के मुखियाओं को दिशा निर्देश दिए गए थे।
मुनेश चौधरी, जिला शिक्षा अधिकारी
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पूजा का किया गया आयोजन
सेक्टर 16 स्थित कालीबाड़ी में चंद्रमा पर भारत के चंद्रयान 3 के उतरने से पहले हवन और पूजा का आयोजन किया गया। प्रख्यात प्राचीन काली माता मंदिर में चंद्रयान-3 की सफलता के लिए मंदिर के सदस्यों एवं पुजारियों ने शाम 4.30 बजे से विशेष पूजा-अर्चना की। मिशन की सफलता के लिए के लिए आरती व पूजा पाठ के साथ हनुमान चालीसा का पाठ भी किया गया।
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जेसी बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में सीधा प्रसारण दिखाया
चंद्रयान-3 की चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सफल लैंडिंग पर जेसी बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में सीधा प्रसारण दिखाया गया। इसरो के वैज्ञानिकों के अटूट प्रयासों की सराहना की गई, जिन्होंने चंद्रयान-3 मिशन को संभव बनाया। ऐतिहासिक क्षण को देखने के लिए विश्वविद्यालय के डीन छात्र कल्याण कार्यालय के विद्यार्थियों तथा कर्मचारियों के लिए विवेकानंद सभागार में विशेष व्यवस्था की गई थी। कुलपति प्रो. सुशील कुमार तोमर ने कहा कि चंद्रयान-3 की सॉफ्ट लैंडिंग की ऐतिहासिक सफलता पूरे देश के लिए बेहद गर्व और उत्साह का क्षण है।
चंद्रयान-3 के चन्द्रमा पर उतरते ही बच्चों ने मनाई खुशी
चंद्रयान-3 के चन्द्रमा पर उतरने पर मैक कान्वेंट स्कूल के छात्र खुशी से झूम उठे। छात्रों ने हाथों में तिरंगा लेकर भारत माता की जय और इसरो वैज्ञानिक जिन्दाबाद के नारे लगाए और पूरे वातावरण को देशप्रेम से सराबोर कर दिया। निदेशक रीता तनेजा और प्रधानाचार्य स्वाति तनेजा ने कहा कि आज भारत ने बहुत बड़ी सफलता हासिल की है।