अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। लालकिला के पास नवंबर 2025 में हुए बम विस्फोट के पीड़ितों के परिजनों और घायलों ने मुआवजे की राशि बढ़ाने की मांग करते हुए केंद्र और दिल्ली सरकार को पत्र लिखा है। दक्षिण एशियन फोरम फॉर पीपुल अगेंस्ट टेरर की ओर से लिखे गए इस पत्र में कहा गया है कि मृतकों के परिजनों और घायलों को दी गई राहत अपर्याप्त है। हाईकोर्ट के 29 अप्रैल 2026 के आदेश के बाद यह प्रतिनिधित्व भेजा गया है। कोर्ट ने एनजीओ को अपनी शिकायतों के निवारण के लिए दोनों सरकारों को प्रतिनिधित्व देने को कहा था। पत्र में मृतकों के परिजनों को 10 लाख की जगह कम से कम 20 लाख रुपये मुआवजा, इसके अलावा दो लाख पाने वाले गंभीर घायलों को चार लाख रुपये, अपनी आंखें खो चुके अंकुश को कम से कम छह लाख रुपये, मामूली घायलों को दो लाख रुपये और वाहन क्षतिग्रस्त होने वाले परिवारों को अतिरिक्त मुआवजे की मांग की गई है। दक्षिण एशियन फोरम फॉर पीपुल अगेंस्ट टेरर के अध्यक्ष अशोक रंधावा ने कहा कि पीड़ित परिवारों की वास्तविक पीड़ा को देखते हुए मुआवजे की राशि बढ़ाई जानी चाहिए। पत्र में पंकज राम साहनी, जुम्मन और अमर कटारिया जैसे मृतकों के परिवारों का जिक्र किया गया है। घायलों में शैना परवीन, रीता और अंकुश सहित अन्य पीड़ितों की स्थिति भी दिखाई गई है।