चुनाव आयोग के निर्देश पर शनिवार को मतदान के दिन सवैतनिक अवकाश न करने पर जिले की करीब 40 कंपनियों के खिलाफ शिकायत पर श्रम विभाग ने नोटिस भेजकर जवाब मांगने शुरू कर दिए हैं। अगर जांच में मामला सही पाया गया तो उनके खिलाफ जिलाधिकारी से अनुमति प्राप्त करके लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।
एक सप्ताह पूर्व ही जिला निर्वाचन अधिकारी एनपी सिंह और उप श्रमायुक्त बीके राय की ओर से सभी कंपनियों, प्रतिष्ठानों और दुकानदारों को पत्र व समाचार पत्रों के माध्यम से 11 फरवरी को सवैतनिक अवकाश घोषित करने के निर्देश दिए थे। शनिवार को मतदान शुरू हुआ तो कंट्रोल रूम में शिकायतें शुरू हो गईं।
सुबह से शाम पांच बजे तक करीब 40 कंपनियों के श्रमिक ही नहीं, बल्कि आईटी कंपनियों के सीनियर अफसरों ने भी शिकायत की थी। श्रम विभाग के अफसर मौके पर पहुंचे और कई स्थानों से अफसर और कर्मचारियों को मतदान के लिए कंपनी से छुट्टी दिलाई।
जिन अफसर और कर्मचारियों द्वारा मतदान से वंचित रहने की शिकायत की गई है। उन सभी के वोटर कार्ड या मतदाता सूची में नाम देखे जाएंगे और उनकी कंपनी में उपस्थिति देखने के बाद यदि मामला सही पाया जाता है तो कंपनी के अफसरों पर कार्रवाई होगी।
शनिवार को करीब 40 कंपनियों से शिकायत हुई थी और कुछ कंपनियों में जाकर अफसर और कर्मचारियों को मतदान के लिए भेजा भी गया है। अब ऐसी कंपनियों पर जल्द ही मुकदमा दर्ज कराएंगे जहां पर लोग मतदान से वंचित रह गए थे। अगर किसी व्यक्ति को इस संबंध में शिकायत करनी है तो वह श्रमायुक्त कार्यालय और जिलाधिकारी के समक्ष शिकायत दे सकते हैं, ताकि ऐसी कंपनियों पर भी कार्रवाई की जा सके।- बीके रॉय, उपश्रमायुक्त गौतमबुद्घनगर