साल 2020 में उत्तर पूर्वी दिल्ली में हुए दंगों के आरोपी शाहरुख पठान को हाईकोर्ट ने राहत नहीं दी है। शाहरुख ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। जिस पर कोर्ट ने जमानत देने से मना कर दिया। शाहरुख पठान ने दंगों के दौरान एक पुलिस सिपाही पर पिस्तौल तान दी थी।
पठान पर दंगा करने, विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देने वाले गैरकानूनी जमावड़े सहित कई अपराधों का आरोप है। पठान हिंसा के दौरान हेड-कांस्टेबल दीपक दहिया पर पिस्तौल तानने और रोहित शुक्ला नामक व्यक्ति की हत्या की कोशिश के दो मामलों में आरोपी है। वह अभी तिहाड़ जेल में बंद है।
गौरतलब है कि दिल्ली में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के समर्थकों और विरोधियों के बीच फरवरी 20 को उत्तर-पूर्वी दिल्ली में दंगे भड़क उठे थे जिनमें कम से कम 53 लोग मारे गए थे।
उल्लेखनीय है कि 24 फरवरी 2020 को मौजपुर-जाफराबाद इलाके में सीएए के विरोध में हुए दंगे में शाहरुख पठान ने खुलेआम पुलिस हेड कांस्टेबल दीपक दहिया पर पिस्तौल तान दी थी। इस घटना की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो गई थीं।