फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Delhi Police : मापदंड पूरे होने के बावजूद OTP न मिलने से जवानों में रोष, पुलिस आयुक्त के ओएसडी को दिया ज्ञापन

Fri, 08 Dec 2023 01:07 PM IST
दुष्यंत शर्मा पुरुषोत्तम वर्मा, नई दिल्ली

सार

ये रोष मानदंड पूरे होने के बावजूद बारी से पहले तरक्की (ओटीपी) नहीं देने से हैं। इनका आरोप है कि दिल्ली पुलिस की दो यूनिट स्पेशल सेल व अपराध शाखा के सभी पुलिस जवानों को ओटीपी दे दिया गया है जबकि विभिन्न जिलों व यूनिटों में तैनात इन जवानों को ओटीपी नहीं दिया गया है।
विज्ञापन
demo pic... - फोटो : Social Media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

दिल्ली पुलिस के काफी जवानों में इन दिनों भारी असंतोष है। ये रोष मापदंड पूरे होने के बावजूद बारी से पहले तरक्की (ओटीपी) नहीं देने से हैं। इन पुलिसकर्मियों का आरोप है कि दिल्ली पुलिस की दो यूनिट स्पेशल सेल व अपराध शाखा के सभी पुलिस जवानों को ओटीपी दे दिया गया है, जबकि विभिन्न जिलों व यूनिटों में तैनात अन्य जवानों को ओटीपी नहीं दिया गया है। इन पुलिस जवानों ने दिल्ली पुलिस आयुक्त संजय अरोड़ा के ऑफिसर ऑफ स्पेशल ड्यूटी(ओएसडी) मनीषी चंद्रा व विशेष पुलिस आयुक्त, प्रशासन आर एस कृष्णैया के सामने अपने बात रखी है। साथ ही इन पुलिस अधिकारियों को ज्ञापन देकर अपनी बात रखने के लिए समय मांगा है।

ओटीपी नहीं मिलने से नाराज एक पुलिस जवान ने बताया कि वह सभी संबंधित अधिकारियों से मिल चुके हैं, मगर उन्हें कहीं से भी न्याय नहीं मिला है। दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दिल्ली पुलिस में तीन तरह से पहला, 80 भगोड़ा बदमाश(पीओ) पकडऩे पर, दूसरा, गायब हुए 60 बच्चों को ढूंढने पर और तीसरा, बहादूरीपूर्ण कार्य करने पर ओटीपी दिया जाता है।
विज्ञापन


80 भगोड़ा बदमाशों में 40 गंभीर अपराधों के और 40 साधारण अपराध के पीओ होना चाहिए। दिल्ली पुलिस अधिकारियों के अनुसार तय मानदंडों के अनुसार भगोड़ा बदमाश पकडऩे वाले 37 और गायब हुए बच्चों को ढूंढने वाले 46 पुलिस जवानों की फाइल पुलिस हैडक्वाटर गई थी। इन सभी को मिलकर बहादूरी पूर्ण कार्य करने वाले पुलिस जवानों समेत कुल 340 जवानों की फाइल हैडक्वाटर गई थी।

इनमें से बहादूरीपूर्ण कार्य करने वाले अपराध शाखा व स्पेशल सेल के करीब-करीब सभी पुलिस जवानों को ओटीपी दे दिया गया। पीओ पकडऩे वाले और गायब बच्चों को ढूंढने वाले सिर्फ 6 पुलिस जवानों को ओटीपी दिया गया है। ऐसे में ओटीपी नहीं मिलने पर भारी रोष है। इन पुलिसकर्मियों को कहना है कि डीपीसी की बैठक दो साल बाद हुई थी। ऐसे में पहले ही उनका ओटीपी दो वर्ष लेट हो गया है। बताया जा रहा है कि एक यूनिट में तैनात तीन ड्राइवर को भी ओटीपी दिया गया है। उन्हें हवलदार से एएसआई बनाया गया है। 

ओएसडी को दिया गया ज्ञापन
भगोड़ा बदमाश पकडऩे वाले पुलिस जवानों ने पुलिस आयुक्त के ओएसडी मनीषी चंद्रा को दिए गए ज्ञापन में कहा है कि वह दिल्ली पुलिस के स्टेडिंग ऑर्डर 17/22 के तहत 80 पीओ पकड़ चुके हैं। सभी ने अपनी फाइल कोर्डिरनेशन ब्रांच में भेज दी थी। इसके बावजूद दो हवलदार को ही ओटीपी दिया गया है। सभी पुलिस जवानों ने उनसे मिलने का समय मांगा है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें