मधुप तिवारी के मुताबिक, आतंकी वारदात को रोकने के लिए हर तरह के इंतजाम किए गए हैं। साथ ही इस बात पर भी विशेष ध्यान है कि सुरक्षा इंतजामों के चलते आम लोगों को कम से कम परेशानी हो। विशेष पुलिस आयुक्त ने बताया होटल के कुछ ग्रुप की सुरक्षा की जिम्मेदारी व निरीक्षण का जिम्मा विशेष पुलिस आयुक्त स्तर के अधिकारी को सौंपा गया है। होटल के कमांडर बनाए पुलिस उपायुक्त की सहायता के लिए संयुक्त पुलिस आयुक्त व अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त स्तर के अधिकारी उपलब्ध रहेंगे। आतंकी व किसी अन्य वारदात को रोकने के लिए हर तरह की सावधानी बरती जा रही है।
मधुप तिवारी ने कहा कि जी-20 सम्मेलन आजाद भारत का सबसे बड़ा कार्यक्रम होने जा रहा है। इसलिए दिल्ली में सुरक्षा को व्यापक इंतजाम किए गए हैं। एयरपोर्ट, कारकेड मैनेजमेंट, होटल आदि की सुरक्षा के साथ-साथ आतंकी व शरारती तत्वों की वारदात को रोकने के लिए सुरक्षा का हर कदम उठाया गया है। इस तरह के बड़े आयोजनों के लिए दिल्ली पुलिस के पास पर्याप्त मैन पावर नहीं है। इसके लिए कई एजेंसियों से सहयोग मिला है। ये सहयोग मैनपावर, आधुनिक उपकरण व गाड़ियों के रूप में मिला है।
मधुप तिवारी के मुताबिक, जी-20 के लिए जो स्टाफ तैनात किया गया है उसे रोलबेस माइक्रो फक्शनिंग लेवल की ट्रेनिंग दी गई है। स्टाफ की लगातार ब्रीफिंग की जा रही है। ड्यूटी पाइंट के जरिये जागरूक व आगाह किया गया है। उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस व उसका पूरा स्टाफ इस आयोजन के लिए पूरी तरह तैयार है। लगातार कारकेड, डी-ब्रीफिंग व ड्यूटी पाइंट पर तैनाती की रिहर्सल की जा रही हैं।