दिल्ली हाईकोर्ट ने भाजपा नेता जतीन मोहंती की उस याचिका को खारिज कर दिया। जिसमें कहा गया है कि ओडिशा की बीजू जनता दल पार्टी की सरकार ने कल्याणकारी योजनाओं के विज्ञापनों में पार्टी चिन्ह शंक को दिखाया गया है।
हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता से कहा कि यह याचिका उचित जगह पर दायर करनी चाहिए। कोर्ट ने कहा कि आप ओडिशा हाईकोर्ट जाएं। जहां से विज्ञापन जारी हुआ है। हाईकोर्ट के कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश मनमोहन और न्यायाधीश मनमीत पीएस अरोड़ा ने कहा कि आप यहां क्यों है। आप ओडिशा जाए और वहां की कोर्ट में इस मामले को उठाएं। यह एक राज्य के लिए अनोखा मामला नहीं है। यह हर राज्य की कहानी है।
कोर्ट ने याचिका पर सुनवाई के दौरान साफ कहा कि पीठ याचिका पर विचार करने के इच्छुक नहीं है। मोहंती के वकील ने याचिका वापस ले ली है। साथ ही कोर्ट ने कहा कि आप अधिकार क्षेत्र वाली कोर्ट जा सकते हैं। इसकी अनुमति दे दी गई है।
याचिकाकर्ता ने आरोप लगाया कि बीजेडी ने सार्वजनिक धन का मनमाना उपयोग और दुरुपयोग किया है। ओडिशा के समाचार पत्रों, टीवी चैनलों, बसों और सोशल मीडिया प्लेटफार्मों में 'शंख' प्रतीक का उपयोग किया गया है। जोकि बीजेडी पार्टी का सिंबल है। दावा किया गया कि एक आरटीआई कार्यकर्ता को मिली जानकारी के मुताबिक, पार्टी ने पिछले पांच सालों में विज्ञापनों पर 378 करोड़ रुपये खर्च किए हैं।