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Delhi: AAP का आरोप, संविधान का गलत इस्तेमाल कर BJP ने एलजी को दी ताकत, भाजपा ने किया पलटवार

Thu, 02 Feb 2023 09:18 PM IST
Harendra Chaudhary डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Delhi: गुरुवार को मनीष सिसोदिया ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने जीएनसीटीडी एक्ट में असंवैधानिक संशोधन कर उपराज्यपाल को शक्तियां दी हैं। इनका गलत इस्तेमाल कर वे शिक्षकों को फिनलैंड में ट्रेनिंग पर जाने से रोक रहे हैं...
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दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उपराज्यपाल - फोटो : अमर उजाला (फाइल फोटो)
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विस्तार
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दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने आरोप लगाया है कि भाजपा की अगुवाई वाली केंद्र सरकार ने संविधान का संशोधन कर उपराज्यपाल को ऐसी शक्तियां दी हैं, जिसके सहारे वे अध्यापकों का विदेश में होने वाला प्रशिक्षण कार्यक्रम रोक रहे हैं। आप सरकार का दावा है कि अध्यापकों के गुणवत्ता में सुधार के लिए यह कार्यक्रम लगातार कई वर्षों से चलाया जा रहा है और यह छात्रों के हित में है। वहीं, भाजपा ने इसे आम आदमी पार्टी का सियासी स्टंट और अपनी नाकामियों को छिपाने का तरीका बताया है।

गुरुवार को मनीष सिसोदिया ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने जीएनसीटीडी एक्ट में असंवैधानिक संशोधन कर उपराज्यपाल को शक्तियां दी हैं। इनका गलत इस्तेमाल कर वे शिक्षकों को फिनलैंड में ट्रेनिंग पर जाने से रोक रहे हैं। जबकि दिल्ली के छात्रों को बेहतर शिक्षा दिलाने के लिए दिल्ली सरकार अपने शिक्षकों को ट्रेनिंग के लिए विदेश भेजना चाहती है। उन्होंने कहा कि सीधे तौर पर यह छात्रों के हितों को चोट पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।

उन्होंने कहा कि पंजाब की सरकार अपने शिक्षकों को ट्रेनिंग के लिए अपने शिक्षकों को विदेश भेज सकती है, लेकिन दिल्ली में उपराज्यपाल को ताकत मिलने के कारण वे शिक्षकों को प्रशिक्षण के लिए भेजने के कार्यक्रम में अवरोध उत्पन्न कर रहे हैं। उन्होंने अपील की कि उपराज्यपाल को छात्रों के हित में शिक्षकों के प्रशिक्षण कार्यक्रम को नहीं रोकना चाहिए।  

अपनी नाकामी न छिपाएं सिसोदिया- भाजपा

दिल्ली भाजपा प्रवक्ता प्रवीण शंकर कपूर ने कहा है कि इस विवाद को खड़ा कर दिल्ली सरकार अपनी नाकामी छिपाना चाहती है। दिल्ली के सरकारी स्कूलों में शिक्षक नहीं हैं, कई स्कूलों में प्रिंसिपल नहीं हैं। अनेक स्कूलों में छात्रों को खराब कक्षाओं में बैठकर पढ़ाई करनी पड़ रही है। लेकिन दिल्ली सरकार इन कमियों को दूर करने की बजाय विदेश प्रशिक्षण के स्टंट से अपनी वाहवाही कराना चाहती है। उन्होंने कहा कि सरकार को दिल्ली के स्कूलों में मूलभूत सुविधाओं को बढ़ाने पर विचार करना चाहिए।

कपूर ने कहा कि केजरीवाल सरकार को टीचर्स एवं प्रिंसिपल की नियुक्ति में कोई रूचि नहीं है। वह केवल संवैधानिक टकराव बनाना चाहती है, जबकि दिल्ली के उपराज्यपाल महोदय ने गत 6 माह में स्कूलों में 6100 टीचर्स की नियुक्ति की है। इन प्रयासों से दिल्ली के स्कूलों की स्थिति बेहतर होगी। उन्होंने कहा कि यह दिल्ली वालों की समझ से परे है कि उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया सरकारी स्कूलों को फिनलैंड में ट्रेनिंग दिलाने को लेकर विवाद क्यों पैदा कर रहे हैं।

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