जामिया नगर इलाके में एनडीएमसी के असिस्टेंट लीगल एडवाइजर मो.मुईन खान की गोली मारकर हत्या करने की सनसनीखेज वारदात को पुलिस ने सुलझा लिया है। पुलिस ने इस संबंध में होटल कनाट के मालिक रमेश कक्कड़ (47) उसके पीएसओ रामफूल (46) व चार सुपारी किलर इस्राइल (31), सलीम खान (29) आमिर अल्वी (24) और अनवर उवैस (21) को गिरफ्तार किया है। बिलाल नामक एक अन्य बदमाश की पुलिस को तलाश है।
पुलिस की मानें तो कनाट होटल के मालिक रमेश कक्कड़ (47) ने दो लाख रुपये की सुपारी देकर मुईन की हत्या करवाई थी। दरअसल, मुईन कनाट होटल पर लगे जुर्माने के मामले में एनडीएमसी की ओर से स्टेट ऑफिसर थे। उन्हें हाईकोर्ट के आदेश के बाद होटल पर जुर्माना तय करना था। इसके लिए उन पर दबाव बनाया जा रहा था। मुईन को तीन करोड़ रुपये रिश्वत की भी पेशकश की गई थी, मना करने पर उनकी हत्या करवा दी गई।
स्पेशल सीपी लॉ एंड ऑर्डर (दक्षिण रेंज) डॉ. पी कामराज ने बताया सोमवार को जामिया नगर इलाके के जौहरी फॉर्म इलाके में एनडीएमसी के असिस्टेंट लीगल एडवाइजर मो.मुईन खान की बाइक सवार बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मामला दर्ज कर छानबीन शुरू की गई। दक्षिण-पूर्व जिला की दस से अधिक टीमें बनाकर जांच की गई। छानबीन के दौरान पुलिस को कुछ सीसीटीवी फुटेज मिली।
इधर, पूछताछ के दौरान मुईन के परिवार ने बताया कि होटल कनाट पर जुर्माने को लेकर मुईन एनडीएमसी की ओर से स्टेट ऑफिसर थे। हाईकोर्ट के आदेश के बाद 17 मई को मुईन को होटल पर फाइनल जुर्माना तय कर बताना था। होटल पर करीब 300 करोड़ रुपये का जुर्माना था। परिवार के मुताबिक मुईन को तीन करोड़ की रिश्वत भी देने की पेशकश की गई थी।
दस दिन पूर्व ही बना ली गई थी हत्या की योजना
गिरफ्तार आरोपी
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने परिवार के आरोपों की छानबीन की तो जुर्माने की बात सही पाई गई। पुलिस का कहना है जांच में 300 करोड़ नहीं बल्कि होटल पर 140 करोड़ रुपये जुर्माने की बात सामने आई है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज व टेक्नीकल सर्विलांस के आधार पर मामले की जांच की। होटल मालिक रमेश कक्कड़ की सीडीआर व मुईन की सीडीआर को खंगाला गया।
जांच में कुछ लोगों के नाम सामने आए। पुलिस ने रमेश और उसके पीएसओ को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उन्होंने सच उगल दिया। दोनों ने बताया कि 17 मई फाइनल फैसले से पूर्व मुईन को मरवाने की योजना बना ली गई। दो लाख की सुपारी देकर रमेश के पीएसओ रामफूल ने बदमाशों का इंतजाम किया और वारदात को अंजाम दिलवा दिया।
एडवांस के रूप में रामफूल के जरिये बदमाशों को 50 हजार रुपये दिए गए, बाकी रुपये काम होने के बाद देने का वादा किया गया। पुलिस ने बदमाशों के पास से 49 हजार रुपये बरामद भी कर लिये हैं। पुलिस को मामले में अभी बाकी आरोपियों की तलाश है। मुईन से बात बनती न देखकर रमेश ने उसकी हत्या करवाने की ठान ली। रमेश ने अपने पीएसओ रामफूल को मुईन की हत्या करवाने का जिम्मा सौंपा।
रामफूल ने अपने पुराने दोस्त व बाउंसर रहे तिगड़ी विस्तार निवासी इस्राइल को दो लाख रुपये में मुईन की हत्या का ठेका दे दिया। इस्राइल ने अपने कजिन सलीम को मुईन की हत्या करवाने के लिए कहा। आगे सलीम ने भी जामिया नगर के लोकल बदमाश आमिर को ठेका दिया। आमिर ने अपने दो गुर्गों बिलाल व अनवर को कहा। वारदात को अंजाम देने के लिए शनिवार और रविवार को रैकी गई।
घटना वाले दिन रामफूल व इस्राइल ऑफिस से मुईन का पीछे करते हुए आए। वहीं जौहरी फॉर्म के पास पहले से तैयार खड़े बिलाल व अनवर ने मुईन की कार के पीछे बाइक लगा दी। मुईन जैसे ही अपने घर के पास पहुंचे, बाइक के पीछे बैठे अनवर ने मुईन पर गोली चला दी। बाद में दोनों फरार हो गए। पुलिस फिलहाल अभी बिलाल की तलाश कर रही है। बाकी सभी आरोपियों को दबोच लिया गया है।