न तो ये कहानी किसी फिल्म की है और न ही नावल की। ये सच्ची घटना है, जिसका खुलासा बीते दिन दिल्ली पुलिस ने किया। अमीरों के लिए खलनायक और गरीबों के लिए नायक बने इस युवक को दिल्ली पुलिस ने नाम किया रॉबिनहुड। भोजपुरी फिल्मों की हीरोइन को उसने अपनी गर्लफ्रेंड बना रखा था और महंगी गाड़ियों में घूमता था।
वह जुर्म के पैसे से गरीब लोगों की सहायता करता था। गांव में गरीब लड़कियों को शादी करवाता था और हेल्थकैंप भी लगवाता था। इस कारण उसे गांव में दयावान के रूप में उजाला बाबू के नाम से जाना जाता था। उसके कब्जे से करीब 25 लाख रुपये की चोरी का सामान बरामद किया गया है।
सिर्फ कोठियों को ही बनाता था निशाना
पांचवीं पास तक इरफान एक वर्ष से जामिया नगर इलाके में रह रहा था। वह नौकरी की तलाश में चार वर्ष पहले दिल्ली आया था। ये रात के समय पॉश इलाकों में घूमता था। जिस कोठी में ताला लगा होता था, उसमें सेंधमारी की वारदात करता था।
इरफान ने बताया कि वह दिल्ली, कानपुर, आगरा, जालंधर आदि शहरों में चोरी की वारदात कर चुका है। ये केवल कोठियों में ही चोरी की वारदात करता था। उसने किसी गरीब के घर में कभी चोरी नहीं की।
गाना सुनने के लिए दस हजार खर्च कर देता था
इरफान ने बताया कि वह नंगे पैर चोरी की वारदात करता था, क्योंकि जूते-चप्पल से आवाज होती है। वह बंटी चोर पर बनी फिल्म को देखकर सेंधमार बना। उसने ज्यादातर सेंधमारी की वारदात अकेले ही की। ये ज्यादातर रकम मुंबई व दिल्ली के पब में खर्च करता था।
पब में अपनी पसंद का गाना सुनने के लिए ये दस हजार रुपये तक खर्च कर देता था। ये महंगी गाड़ियों में घूमता था। सोशल मीडिया में आरोपी की जो फोटो हैं, उन्हें देखने से लगता कि आरोपी रईसजादा है।
सीसीटीवी से पकड़ा गया रोबिनहुड
दक्षिण-पूर्व जिला डीसीपी रोमिल बानिया के अनुसार, न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी में रहने वाली राजीव खन्ना की कोठी में 24 मई को चोरी हुई थी। चोर सोने व डायमंड की काफी ज्वेलरी ले गए थे। आरोपी का चेहरा सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गया था।
वारदात को सुलझाने के लिए ऑपरेशन सेल एसीपी केपी सिंह की देखरेख में विशेष टीम बनाई गई। जांच में पता लगा कि सीतामढ़ी (बिहार) के सेंधमार ने चोरी की वारदात को अंजाम दिया है।
पुलिस टीम ने आरोपी इरफान उर्फ उजाला उर्फ आर्यन (27) को गांव जोगिराखेरा से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के समय पुलिस को गांववालों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा। इरफान से पूछताछ के बाद उससे चोरी का सामान खरीदने वाले रिसीवर बिहार निवासी धर्मेंद्र (30) को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने सेंधमारी के 12 मामलों को सुलझाने का दावा किया है।