हत्या के जुर्म में आजीवन कारावास की सजा काट रहे कैदी ने शनिवार देर शाम जामुन के पेड़ से फांसी लगाकर जान दे दी। इसका पता जेल प्रशासन को तब हुआ जब बैरिक में कैदियों की गिनती हुई।
सदर थाना पुलिस के मुताबिक नूंह के पुन्हाना, देहताना गांव का रहने वाला ताहिर हत्या के जुर्म में उम्रकैद की सजा काट रहा था। उसे अगस्त 2016 में भोंडसी जेल से नीमका जेल स्थानांतरित किया गया था।
अन्य दिनों की तरह शनिवार को शाम छह बजे के बाद कैदियों को बैरिक में भेजा जा रहा था। गिनती में एक कैदी कम निकला। दोबारा गिनती हुई तो पता चला कि ताहिर लापता है। इस पर उसकी तलाश शुरू हुई।
बैरिक के पीछे स्थित जामुन के पेड़ से उसका शव लटकता हुआ पाया गया। ताहिर ने फांसी का फंदा बनाने के लिए शर्ट का इस्तेमाल किया था। जेल प्रशासन ने पुलिस और मृतक के परिजनों को वारदात की सूचना दी।
एसएचओ राजदीप मोर ने बताया कि शव का रविवार को बीके अस्पताल में जेएमआईसी राकेश कुमार की मौजूदगी में पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजनों को सौंप दिया।