पीड़ित का आरोप है कि गत 23 अगस्त को आरोपी पति आरती को किसी बहाने से केएमपी के पास एक जंगल में ले गया और उसके दोनों हाथ एक रस्सी से बांध दिए फिर सभी आरोपियों ने मिलकर तेजधार हथियार से बेरहमी से गर्भवती आरती की गर्दन काटकर हत्या कर दी।
आरोप है कि हत्या के बाद आरोपी अपने घर आ गए और बेटी के घर से गायब होने का झूठा षड्यंत्र रच दिया। पीड़ित के अनुसार, मृतका आठ माह की गर्भवती थी और उसकी एक सात वर्षीय बेटी भी थी। पुलिस ने आरोपी पति, ससुर व सास सहित 6 नामजद राजपाल, जस्सू, गजना, धर्मा, बिल्लू, रधुबीर निवासियान गांव पढैनी थाना तावडू के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
हालांकि मृतका के पति राजपाल के अनुसार, उसकी पत्नी आरती और वह बृहस्पतिवार की शाम को घर से लकड़ी इकट्ठा करने के लिए शमशान घाट की ओर गए थे। लकड़ी इकट्ठा करते समय उनकी पत्नी वहां से अचानक गायब हो गई। उसने घर आकर देखा तो वह वहां पर भी नहीं मिली।
राजपाल ने ग्रामीणों को अपनी पत्नी के गुम होने के बारे में बताया तो ग्रामीणों ने आसपास महिला को खोजा। लेकिन वह नहीं मिली। शुक्रवार सुबह करीब 8 बजे गांव के दो युवकों को शमशान घाट के करीब तारा के अरहर के खेत में पत्नी को मृत पाया, जिसकी गर्दन कटी हुई व दोनों हाथ पीछे से बंधे हुए थे। थाना प्रभारी पंकज कुमार का कहना है कि मामले की गहनता से जांच की जा रहीं है। हत्या में जो भी आरोपी होगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।