आरोपी करतार ने बताया कि उसे कर्ज चुकाने के लिए रुपयों की जरूरत थी। उन्होंने अपने जानकार युवक सन्नी को लूटने की योजना बनाई। एक जून को उसे कराला इलाके में बुलाया। वहां सन्नी को बेहोशी का इंजेक्शन लगा दिया। वहां से उसे सन्नी की ही सिलेरियो कार में डालकर उसे रोहिणी इलाके में ले गए, जहां सन्नी पर कूड़ा डालकर उसके शव पर पेट्रोल से आग लगा दी।
साथ में उसकी कार भी जला दी ताकि पुलिस को सबूत न मिल सके। इधर उसी दिन पुलिस ने सन्नी का शव बरामद कर लिया लेकिन उसकी पहचान नहीं हुई। वहीं, सन्नी के मालिक ने अपनी सिलेरियो कार चोरी की रिपोर्ट भी दर्ज करा दी। पुलिस ने तीनों की निशानदेही पर जली हुई सिलेरियो कार बरामद कर ली।