दिल्ली में दक्षिण जिले के वसंत विहार इलाके में दहेज की मांग पूरी नहीं करने पर पति ने अपने दोस्तों के साथ मिलकर मारपीट की। पत्नी ने पति के दोस्तों पर छेड़छाड़ करने का भी आरोप लगाया है। पुलिस मामले की तफ्तीश कर रही है।
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दक्षिण जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार सुमन (24, बदला हुआ नाम) पति राम (बदला हुआ नाम) के साथ वसंत विहार के वसंत गांव में रहती है। दोनों की एक वर्ष की बेटी है। सुमन का आरोप है कि पति कई महीने से दहेज की मांग कर रहा था। दहेज नहीं देने पर वह उसे और उसकी मां के साथ मारपीट करता था।
मां ने पिछले दिनों राम के खिलाफ वसंत विहार थाने में रिपोर्ट दर्ज कराया था। इससे वह और ज्यादा चिढ़ गया। रविवार शाम करीब साढ़े सात बजे तीन दोस्त सुजीत, संजीव और भूरी को राम ने अपने घर बुलाया। उन्हें शराब पिलाई और फिर सुमन को बुलाकर उनके साथ कमरे में बंद कर दिया।
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बंद कमरे में दोस्तों ने की बदसलूकी
नशे में धुत पति के दोस्तों ने उसके कपड़े फाड़ दिए। उनसे छुड़ा कर सुमन किसी तरह बाहर निकली और बेटी को लेकर घर से भाग खड़ी हुई। इसके बाद वह गांव के मंदिर में जाकर छिप गई।
फटे कपड़ों में ही रात करीब 11.30 बजे किसी की सहायता से वह वसंत विहार थाने पहुंची। पुलिस ने उसकी शिकायत पर उसके पति व उसके तीनों दोस्तों के खिलाफ छेड़छाड़, मारपीट, महिला को बेइज्जत करने और जान से मारने की धमकी देने की धाराओं में मामला दर्ज किया है।
महिला का पति कुछ काम नहीं करता है, जबकि उसके दोस्त प्राइवेट जॉब करते हैं।
प्रेमिका के पति की हत्या के दोषी को उम्रकैद
दिल्ली की एक अदालत ने प्रेमिका के पति की गोली मारकर हत्या के मामले में दोषी ठहराते हुए युवक को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
प्रेमिका का पति इस रिश्ते पर ऐतराज करता था, जिसकी वजह से गोली मार दी थी। हत्या के बाद उसके शव को हरियाणा के छतेरा गांव में नाले में फेंक दिया था।
हत्या के बाद मृतक की पत्नी ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी, लेकिन ससुर की रिपोर्ट से बहु शक के दायरे में आ गई थी।
दोनों ने रची थी साजिश
रोहिणी जिला अदालत की अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. कामिनी लाऊ ने अशोक विहार निवासी राजू (32) को शंकर की हत्या का दोषी ठहराते हुए 29 मई को आजीवन कारावास व एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
अदालत ने मुकुंदपुर निवासी मृतक की पत्नी रेनु को साक्ष्य नष्ट करने के आरोप में चार साल कैद व दो हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अभियोजन के मुताबिक राजू व रेनू ने 20 दिसंबर 2010 को साजिश रचकर शंकर की हत्या कर दी थी। निरंकारी समागम के नजदीक राजू ने कट्टे से गोली मारी थी।
हत्या के बाद कट्टा व शंकर का मोबाइल नाले में फेंक दिया था। मृतक के कपड़ों को आरोपियों ने झाड़ियों में छिपा दिया था और शव को हरियाणा ले गए थे। हत्या के बाद शंकर की पत्नी ने खुद उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट बीस दिसंबर को ही दर्ज करवाई थी। इसके अगले दिन शंकर के पिता भोला साहू ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराते हुए रेनू पर शक जाहिर किया था।
दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने मवेशी चुराने के दौरान पुलिस टीम पर गोली चलाने में अबुजर गैंग के सदस्य मुबारक (25) को गिरफ्तार कर लिया है। दिल्ली पुलिस ने गांव उटावड़, पलवल (हरियाणा) निवासी मुबारक की गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
अपराध शाखा के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त अशोक चांद ने बताया कि शुक्रवार को एक सूचना पर आरकेपुरम इलाके से मुबारक को पकड़ा गया। पूछताछ के दौरान पता चला कि गत 23/24 की रात को मुबारक मिनी ट्रक में साथियों के साथ मवेशी चोरी करने आया था।
उस दौरान पुलिस से बचने के लिए उसने न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी इलाके में पीसीआर वैन को टक्कर मार दी थी। बाद में जैतपुर में जब पुलिस ने पकड़ने का प्रयास किया गया तो बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी थी। पुलिस को अब मुबारक के साथियों की तलाश है।