नंदनगरी इलाके में रुपये की लेन-देन में एक मेट्रो गार्ड की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गयी। पुलिस ने मामले की जांच करते हुए पीड़ित की गली में रहने वाले दो नाबालिगों को हिरासत में ले लिया है जबकि मुख्य आरोपी अभी फरार है। मृतक की शिनाख्त गुलफाम अली (19) के रूप में हुई है। पुलिस हत्या का मामला दर्ज कर पकड़े गये आरोपियों से पूछताछ कर रही है।
पुलिस के अनुसार गुलफाम सपरिवार नंदनगरी में रहता था। परिवार में पिता जुल्फीकार अली, मां शबाना, तीन भाई इशरत अली, मेहताब अली, इफ्तकार और दो बहनें है। दो माह से गुलफाम एक सिक्यूरिटी एजेंसी में नौकरी कर रहा था। उसकी तैनाती दिल्ली मेट्रो में थी।
बृहस्पतिवार रात करीब नौ बजे गुलफाम मस्जिद से नमाज पढ़कर घर आ रहा था। रास्ते में आरोपी लड़कों ने उसे पकड़ लिया और उसे जबरदस्ती सी ब्लॉक स्थित पार्क में ले गये। गुलफाम की बहन से आरोपियों को उसे ले जाते हुए देख लिया और उसने परिवार वालों को इसकी जानकारी दी। परिवार वाले तुरंत पार्क में पहुंचे। जहां गुलफाम जख्मी हालत में पड़ा था।
आरोपियों ने उसके पीठ में चाकू से वार किया था। परिवार वाले उसे जख्मी हालत में जीटीबी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिवार वालों के मुताबिक जख्मी गुलफाम ने आरोपियों का नाम लिया और बताया कि दो ने उसे पकड़ा और मुख्य आरोपी उसे चाकू मारकर फरार हो गया।
पुलिस ने शव को कब्जे में करने के बाद परिवार वालों से पूछताछ की। जांच के बाद पुलिस ने बताया कि गुलफाम ने कुछ माह पहले गली में रहने वाले आरोपी से कुछ रुपये उधार लिए थे। पीड़ित रुपये वापस नहीं कर पा रहा था।
दो माह पहले आरोपी ने घर में घुसकर चाकू दिखाकर उसे जान से मारने की धमकी दी थी। बताया जा रहा है कि बृहस्पतिवार को दिन में भी गुलफाम से उनका झगड़ा हुआ था। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया गया है। नाबालिग होने की वजह से उनके नाम का खुलासा नहीं किया जा रहा है।