सिहानी गेट पुलिस के हत्थे नकली नोटों की गाजियाबाद में सप्लाई करने वाले गिरोह का एक सदस्य चढ़ा है, जो ऑटो चालक जाकिर है। उसके कब्जे से डेढ़ लाख रुपये के नकली नोट बरामद किए हैं।
उसका दावा है कि ये नोट नेपाल से मंगाए जाते हैं, जिन्हें बिहार के रास्ते एनसीआर में भेजा जाता है। जाकिर की गिरफ्तारी की सूचना आईबी और एसटीएफ को भी दी गई है, जिससे की वह भी इससे पूछताछ कर सकें।
अंदेशा है कि यह गिरोह चार लाख से ज्यादा नकली नोटों को गाजियाबाद समेत एनसीआर में खपा चुका है। आरोपी के दूसरे साथी की तलाश में दबिश दी जा रही है।
एसओ सिहानी गेट रणवीर सिंह ने बताया कि पकड़ा गया जाकिर हुसैन नंदग्राम में रहता है। वह बिहार के छपार का रहने वाला है, यहां परिवार के साथ रहता है।
शनिवार को उसे एक सूचना पर चेकिंग के दौरान नंदग्राम से पकड़ा गया। तलाशी लेने पर 1.5 लाख रुपये बरामद हुए, जिनमें हजार और पांच सौ रुपये के नोट थे। उसका कहना है कि ये नोट उसे बिहार के सुभान ने दिए थे।
वह असली नोटों के बदले दोगुने नोट देता था। मसलन, एक हजार रुपये के बदले दो हजार के नकली नोट। पिछले कई माह से यह धंधा कर रहा था।
पुलिस सूत्रों की मानें तो जाकिर ने पांच सौ रुपये का नकली नोट देकर शराब लाने के लिए पड़ोसी को ठेेके पर भेजा था। ठेके वाले ने नकली नोट देख कर पूछताछ की तो जाकिर के बारे में पता चला। शक होने पर उसने पुलिस को सूचना दे दी।
पत्नी पूछती तो कहता मत दो दखल
जाकिर की गिरफ्तारी की सूचना पर उसकी पत्नी भी सिहानी गेट थाने पहुंची। पत्नी ने बताया कि नंदग्राम में वह किराए पर दो बेटियाें के साथ रहती है।
पति कई बार लेट नाइट घर आता था, इसकी वजह पूछने पर वह कहता था कि मेरी पर्सनल जिंदगी है, उसमें दखल मत दो। पत्नी का मानना है कि उसके पति ने लालच में आकर नकली नोटों की सप्लाई का काम किया है।