शाहदरा जिला पुलिस ने नकली डॉलर देकर ठगी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश कर दो जालसाजों को गिरफ्तार किया है। आरोपी नकली डॉलर देकर लोगों से भारतीय रुपये ले लेते थे और उसके बाद गायब हो जाते थे।
आरोपियों के कब्जे से दो लाख तीन हजार रुपये, 11 अमेरिकन डॉलर और चार मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। शाहदरा जिला डीसीपी नुपूर प्रसाद ने बताया कि गांव बदरपुर, जिला लोनी गाजियाबाद यूपी निवासी वसीम अल्वी ने पुलिस को दी शिकायत में कहा था कि वह 10 फरवरी को सराय काले खां किसी काम से गया था।
वहां बस स्टेंड पर उसे राजू नाम का व्यक्ति मिला। राजू ने उससे कहा कि वह किसी का इलाज कराने आया है और उसके पास 20 डॉलर है। उसने वसीम से कमीशन पर डॉलर बदलाने के लिए कहा।
वसीम ने वह डॉलर बदलवा दिए। डॉलर असली थे, इस कारण वसीम को विश्वास हो गया। इसके बाद आरोपी राजू ने वसीम से 20 डॉलर के 1134 नोटों को बदलने के लिए कहा। कमीशन के लालच में वसीम डॉलर बदलवाने को तैयार हो गया।
वसीम आरोपी से 21 मार्च को श्मशान घाट, पुश्ता रोड गीता कॉलोनी में मिला। यहां पर राजू ने उसे डॉलर दिए और बदले में एक लाख 90 हजार रुपये ले लिए। पैसे लेकर राजू मौके से चला गया।
जब वसीम ने डॉलर के बंडल को खोकर देखा तो साबुन की बट्टी पर एक डॉलर लिपटा हुआ था। वसीम ने इसकी शिकायत गीता कॉलोनी थाना पुलिस को दी। ठगी का मामला दर्जकर गीता कॉलोनी थानाध्यक्ष पवन कुमार की टीम ने तफ्तीश शुरू की और 28 मार्च को दो आरोपी मो. फजलू (42)और अब्दुल रहमान(21) को गिरफ्तार कर लिया।
दोनों बांग्लादेश केरहने वाले हैं। संयुक्त पुलिस आयुक्त रविन्द्र यादव ने बताया कि पुलिस केपास अभी तक छह शिकायतकर्ता आ चुके हैं। आरोपियों ने इनसे करीब पांच लाख रुपये की ठगी की है।