शिकायत पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच में पता चला कि पीड़िता के पीछे उसी के नाम की एक महिला रहती है। आरोपी महिला पीड़िता को जानती थी।
उसे महिला के हिंदी में हस्ताक्षर करने की बात का पता था। उसी का अभ्यास करने के बाद उसने चेकबुक पर फर्जी हस्ताक्षर कर रुपये की निकासी कर ली। पुलिस ने मामले की जांच करते हुए आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है।