नमस्ते कर राहगीरों से लूटपाट का सैंकड़ा लगाने वाले चार बदमाशों को पूर्वी जिला पुलिस ने दबोचा है। गिरफ्तारी के दौरान बदमाशों ने पुलिस पार्टी पर फायरिंग कर दी। पुलिस कर्मियों ने साहस का परिचय देते हुए आरोपियों को काबू कर लिया।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान गांव बेहरमपुर, जानी, मेरठ, यूपी निवासी व गैंग लीडर जावेद मलिक उर्फ जेडी (29), शास्त्री नगर, मेरठ निवासी मो.शाहिद (31) दिल्ली निवासी वसीम मलिक (31) और इकरार अहमद उर्फ भूरा (34) के रूप में हुई है।
पुलिस ने आरोपियों के पास से दो पिस्टल, दो स्कूटी, दो अंगूठी और सात सोने की चेन बरामद की हैं। चोरों आरोपियों की 51 मामलों में पुलिस को तलाश थी।
पूर्वी जिला पुलिस उपायुक्त ओमवीर सिंह ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से दिल्ली-एनसीआर में खासकर पूर्वी जिला में नमस्ते गैंग वारदातों को अंजाम दे रहा था। जगतपुरी थाना पुलिस ने मामले की छानबीन की। जांच के दौरान पुलिस ने वारदातों को अंजाम देने वाले गैंग की पहचान मुस्तफाबाद गैंग के रूप में की।
इसी दौरान शुक्रवार देर रात को पुलिस को सूचना मिली कि गैंग वारदात को अंजाम देने रोड नंबर-57 के पास आने वाला है। बदमाशों की धरपकड़ के लिए जाल बिछा दिया। इस बीच बदमाश जगतपुरी लाल बत्ती के पास आ गए।
पुलिस टीम को देखते ही स्कूटी के पीछे दोनों बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने चारों बदमाशों को काबू कर लिया। छानबीन के दौरान उनके पास से दो खोखे, दो पिस्टल व जेवरात बरामद हुए। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि गैंग मुस्तफाबाद इलाके में रहकर वारदातों को अंजाम दे रहा है।
एक दिन में बदमाश आधा दर्जन वारदातों को अंजाम देकर लौटते हैं। इन लोगों ने दिल्ली-एनसीआर में 100 से अधिक वारदातों को अंजाम दिया। कुल 51 मामलों में पुलिस को गैंग की तलाश थी। पूर्वी जिला पुलिस गैंग के बाकी सदस्यों की तलाश कर रही है।