हाईवे पर मां-बेटी से गैंगरेप के मामले में पकड़े गए आरोपियों की प्लानिंग हाईवे पर लूट करने की थी, लेकिन शराब के नशे में धुत्त होकर गैंगरेप कर बैठे। कुंडल, पाजेब और अन्य सामान लूटकर भाग गए।
यह खुलासा पुलिस गिरफ्त में आए गिरोह के सरगना सलीम बावरिया ने किया है। 29 जुलाई की रात नोएडा में रहने वाले शाहजहांपुर के दो परिवार नोएडा से शाहजहांपुर तेरहवीं में शरीक होने जा रहे थे।
तभी कोतवाली देहात के दोस्तपुर गांव के निकट बदमाशों ने साइकिल का एक्सिल डालकर कार को रुकवाया। इसके बाद हथियारों के बल पर बंधक बना लिया। आरोपियों ने मां-बेटी के साथ गैंगरेप किया।
सलीम बावरिया ने पूछताछ में उगला राज
बुलंदशहर गैंगरेप
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने सुतारी निवासी रईस, हापुड़ निवासी शाबेज और रबूपुरा निवासी जबर सिंह को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था। तब से गिरोह का सरगना सलीम बावरिया और अन्य साथी फरार चल रहे थे।
सोमवार रात जब क्राइम ब्रांच ने मेरठ के मवाना से सलीम बावरिया को गिरफ्तार तो पूछताछ में उसने सारा राज उगल दिया। पुलिस ने सलीम को उसके साथी जुबैर और साजिद के साथ गिरफ्तार किया है।
सलीम ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि किठौर से हापुड़ और हापुड़ से वह भूड़ चौराहे पहुंचा था। वहां साथियों के साथ शराब पी। शराब पीने के बाद हाईवे पर लूटपाट करने की योजना थी।
सर्विलांस के जरिए आरोपियों तक पहुंची पुलिस
बुलंदशहर गैंगरेप
- फोटो : अमर उजाला
नशे में जब कार को एक्सिल फेंककर रुकवाया तो आरोपियों का वहशीपन जाग गया। हाईवे किनारे दरिंदों ने मां-बेटी से दरिंदगी की वारदात को अंजाम दिया।
मेरठ के किठौर में बनी लूट की योजना
प्रेस वार्ता के दौरान आईजी मेरठ जोन सुजीत कुमार पांडेय ने बताया कि ये लोग पिछले कुछ दिनों से मेरठ के किठौर में डेरा डालकर रह रहे थे। वहीं इस गिरोह ने हाईवे पर लूटपाट की योजना बनाई। वारदात को अंजाम देने के बाद गिरफ्त में आए तीनों आरोपी किठौर पहुंचे। जहां से ये लोग झारखंड भागने की फिराक में थे।
सर्विलांस के जरिए आरोपियों तक पहुंची पुलिस
एक बार फिर पुलिस को सर्विलांस के जरिए यह बड़ी कामयाबी मिली है। लगातार पुलिस से बचने के बाद तीनों ने एक बार फिर एक-दूसरे से फोन पर संपर्क किया।
मोबाइल चालू करते ही तीनों पुलिस की रडार पर आ गए। सर्विलांस की सूचना को पुख्ता कर पुलिस ने तीनों को मेरठ के मवाना से गिरफ्तार कर लिया।