सीमापुरी इलाके में सरकारी नौकरी दिलवाने के नाम पर 30 लाख से अधिक की ठगी करने वाले 73 वर्षीय ठग को उत्तर-पूर्वी जिला पुलिस ने दबोचा है। आरोपी की पहचान मुईनुद्दीन चौधरी उर्फ एमएन चौधरी उर्फ एमएम चौधरी (73) के रूप में हुई है।
मुईनुद्दीन ने अपनी महिला सहयोगी देबोश्री चक्रवर्ती (62) व अन्य के साथ मिलकर वर्ष 2014 में ठगी की थी। कोर्ट ने मुईनुद्दीन व देबोश्री को भगोड़ा घोषित किया हुआ था। 13 जनवरी को पुलिस ने देबोश्री को पहले ही दबोच लिया था। दिल्ली पुलिस आयुक्त ने मुईनुद्दीन व देबोश्री की गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम रखा था।
उत्तर-पूर्वी जिला पुलिस उपायुक्त डॉ. अजीत कुमार सिंगला ने बताया कि सितंबर 2014 में प्रकाश चंद शर्मा नामक शख्स ने सीमापुरी थाने में 30.20 लाख रुपये ठगी की शिकायत दर्ज कराई थी। प्रकाश का कहना था कि उनके बेटे आशुतोष को सरकारी नौकरी दिलवाने के नाम पर शशांक भांदरा, देबोश्री चक्रवर्ती और एमएन चौधरी उर्फ मुईनुद्दीन उर्फ एमएम खान ने 30.20 लाख रुपये ठग लिये थे। न तो इन लोगों ने बेटे को नौकरी दिलवाई और न ही रुपये वापस किए।
मामला दर्ज करने के बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की। इधर, सभी आरोपियों ने अपने पते और फोन नंबर बदल दिए थे। मामले की सुनवाई के दौरान 25 नवंबर 2016 को कोर्ट ने देबोशीष और मुईनुद्दीन चौधरी को भगोड़ा घोषित कर दिया। जांच के दौरान पुलिस ने 13 जनवरी 2017 को दबोश्री को दबोच लिया।