बाइक सवार बदमाशों ने शुक्रवार रात बल्लभगढ़ से जेवर लौट रहे एनजीओ संचालक को गोली मारकर 3.50 लाख रुपये लूट लिए। विरोध करने पर नकाबपोश बदमाशों ने उन्हें गोली मार दी और उनकी कार में ही बांधकर डाल गए।
वारदात की सूचना पर पहुंची पुलिस ने उन्हें निजी अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की है। जेवर के गांव गोविंदगढ़ निवासी आचार्य पवन कुमार निर्भय स्वास्थ्य सेवा एवं जन कल्याण संस्था के नाम सेे एनजीओ चलाते हैं। वह नशा मुक्ति के खिलाफ अभियान चलाते हैं।
उनके भाई सुंदर ने पुलिस को बताया कि पवन कुमार उनके निशुल्क संस्थान के शिक्षकों व कर्मचारियों को वेतन देने के लिए बल्लभगढ़ निवासी रिश्तेदार से 3.50 लाख रुपये लेकर लौट रहे थे।
इस दौरान रात करीब 9:00 बजे जब वह गांव फलैदा के पास पहुंचे तो यहां पहले से सड़क किनारेे घात लगाए दो बाइक पर सवार छह नकाबपोश बदमाशों ने उनकी कार रुकवा ली। बदमाशों ने हथियारों के बल पर उनसे लूटपाट की कोशिश की तो पवन कुमार ने विरोध किया।
इस दौरान एक बदमाश ने उन्हें गोली मार दी। गोली उनकी जांघ में लगी। बदमाशों ने उनकी कार में रखे 3.50 लाख रुपयेे लूट लिए और घायल पवन को उनकी कार में ही बांधकर डाल गए।
सुंदर ने बताया कि आचार्य पवन कुमार ने उसे आठ बजे कॉल कर लगभग साढ़े आठ बजे बेगमबाद पहुंचने की बात कही थी। सुंदर और आचार्य के दो शिष्य बेगमबाद पर उनका इंतजार कर रहे थे। आचार्य के न पहुंचने पर वह उन्हें ढूंढने निकल गए।
ग्रामीणों से पूछताछ करते हुए जब वे घटना स्थल पर पहुंचे तो आचार्य को बंधन मुक्त कराकर पुलिस को सूचना दी। सीओ जेवर दिलीप सिंह मौके पर पहुंचकर पड़ताल की और घायल एनजीओ संचालक को ग्रेटर नोएडा के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
शराब तस्करों ने धमकाया था
सुंदर ने बताया कि आचार्य पवन कुमार नशा मुक्ति अभियान के साथ शराब तस्करों पर भी कार्रवाई करा चुके हैं। इससे तस्कर उनसे रंजिश मानते हैं। 15 दिन पहले किसी शराब तस्कर ने फोन पर आचार्य पवन कुमार को धमकी भी दी थी। हालांकि वारदात में किसका हाथ है, इस बारे में कोई जानकारी नहीं है।
छह अज्ञात बदमाशों के खिलाफ लूट और हत्या की कोशिश की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है। जल्द आरोपियों को पकड़कर वारदात का खुलासा किया जाएगा। -कृष्णवीर सिंह, कोतवाली प्रभारी, रबूपुरा