फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सीसीटीवी में दिखा हेलमेट और खुल गया 1 करोड़ की चोरी का राज, दो गिरफ्तार

Tue, 01 Nov 2016 09:47 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 करोड़ की चोरी में दो ग‌िरफ्तार - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
जामा मस्जिद इलाके में कपड़े के निर्यातक के कार्यालय से एक करोड़ रुपये की चोरी करने के मामले को पुलिस ने सुलझा लिया है। पुलिस ने हेलमेट पहनकर चोरी करने वाले पड़ोसी सहित दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
विज्ञापन


बदमाशों ने वारदात को अंजाम देने के लिए डुप्लीकेट चाबी का इस्तेमाल किया था। पुलिस ने इनके पास से 96.80 लाख रुपये बरामद  भी कर लिए हैं। आरोपियों की पहचान जामा मस्जिद निवासी अब्दुल हसनैन (39) और सीताराम बाजार निवासी मदनलाल (45) के रूप में हुई है।

मध्य जिला के पुलिस उपायुक्त एमएस रणधावा ने बताया कि गत 20 अक्तूबर को जामा मस्जिद के चांदी वाला फाटक इलाके में एक कपड़ा निर्यातक के कार्यालय से एक करोड़ पचास हजार रुपये की चोरी होने की सूचना मिली। निर्यातक कुणाल बंसल ने बताया कि रकम रखने के बाद वह कार्यालय बंद कर बाजार गया था। शाम को वापस आने पर रुपये चोरी हो गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

सीसीटीवी से खुला राज

चोरी
जिला के स्पेशल स्टाफ मुकेश अंतिल के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थल के आस पास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। जिसमें हेलमेट पहने एक शख्स को कार्यालय का ताला खोलते देखा गया। इससे साफ हो गया कि चोरों ने नकली चाबी बनवाकर वारदात को अंजाम दिया है। पुलिस ने आसपास के लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच की।

फुटेज में देखा गया कि वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी एक पान वाले से गले मिल रहा है। पुलिस ने पान वाले को फुटेज दिखाकर आरोपी की पहचान कर ली। उसके बाद पुलिस ने अब्दुल हसनैन को घर से गिरफ्तार कर लिया। उसके निशानदेही पर पुलिस ने स्टोर रूम में रखे 92.80 लाख रुपये बरामद कर लिए।

अब्दुल ने पूछताछ में बताया कि वारदात में उसके साथ मदनलाल भी शामिल है। पुलिस ने मदनलाल को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस को उसके पास से चार लाख रुपये बरामद कर लिए। अब्दुल ने पुलिस को बताया कि कारोबारी कभी कभार ही रुपये लेने के लिए कार्यालय आता था। उसे पता था कि कार्यालय में रुपये होंगे।

कर्मचारी कार्यालय बंद करने के बाद चाबी पान की दुकान पर रख देता था। अब्दुल भी अकसर पान की दुकान पर जाता था। वारदात के चार दिन पहले उसने चोरी से पान की दुकान से चाबी ले ली और उसका नमूना निकालकर उसने मदनलाल की मदद से नकली चाबी बनवा लिया। पुलिस ने बताया कि अब्दुल रेहड़ी पर परांठा बनाता है जबकि मदनलाल कला दीर्घा के लिए चित्र बनाता है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें