मुख्यमंत्री केजरीवाल ने दिल्ली जल बोर्ड समेत सभी संबंधित विभागों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने प्रतिदिन शोधित होने वाले पानी की निगरानी, ट्रीटेड पानी को पार्कों तक पहुंचाने, आरओ प्लांट लगाने और ट्यूबवेल्स व आरओ प्लांट्स के लिए जमीन संबंधित मुद्दों पर चर्चा की।
राजधानी में पेयजल संकट के मद्देनजर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल अब खुद उपलब्ध पानी और आपूर्ति पर नजर रखेंगे। इस संबंध में उन्होंने दिल्ली जल बोर्ड को रोजाना रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं। बोर्ड संयंत्र से उत्पादित पानी और जलाशय तक पहुंचने वाले पानी की जानकारी देगा। वहीं उन्होंने अनधिकृत कॉलोनियों समेत पानी की कमी वाले क्षेत्रों में पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने के लिए ट्यूबवेल के साथ पहले चरण में 500 आरओ प्लांट जल्द लगाने के आदेश दिए।
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मुख्यमंत्री केजरीवाल ने सोमवार को दिल्ली जल बोर्ड समेत सभी संबंधित विभागों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने प्रतिदिन शोधित होने वाले पानी की निगरानी, ट्रीटेड पानी को पार्कों तक पहुंचाने, आरओ प्लांट लगाने और ट्यूबवेल्स व आरओ प्लांट्स के लिए जमीन संबंधित मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने बोर्ड से शोधित होने वाले पानी और आपूर्ति की भी पूरी जानकारी ली। उन्होंने कहा कि वह देखेंगे कि रोज संयंत्र में कितने पानी का शोधन हो रहा है और जलाशय तक पहुंचने तक कितना पानी पहुंच रहा है। इस दौरान पानी लीक व चोरी होने के मामले में मुख्यमंत्री संज्ञान लेंगे।
दूसरी ओर अधिकारियों ने बताया कि सभी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) की क्षमता बढ़ाने पर तेजी से काम चल रहा है। अगले साल तक एसटीपी की क्षमता बढ़कर 950 एमजीडी तक हो जाएगी। वहीं मुख्यमंत्री ने एसटीपी से ट्रीटेड पानी का इस्तेमाल करने के संबंध में प्लान बनाने के निर्देश दिए। वहीं मुख्यमंत्री ने आदेश दिया कि एसटीपी के आसपास पार्कों में पाइप लाइन के जरिए पानी दिया जाए। एसटीपी से दूर स्थित पार्क और ग्रीन लैंड को लेकर अध्ययन किया जाए।
मुख्यमंत्री ने दिल्ली जल बोर्ड के प्रमुख को डीडीए से ट्यूबवेल्स के लंबित अनुमति के मामले को लेकर बात करने का निर्देश दिया है। साथ ही डीडीए से वाटर बॉडी और झीलों के लंबित मामले की अनुमति भी जल्द लेने का आदेश दिया। उन्होंने बड़े स्तर पर ट्यूबवेल्स लगाने और लेक बनाने वाले स्थानों पर जरूरत के अनुसार बड़े आरओ प्लांट लगाने पर भी जोर दिया। वहीं आवश्यकतानुसार छोटे आरओ प्लांट भी लगाएं जाए।