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EWS की दाखिला प्रक्रिया मंगलवार से सामान्य श्रेणी के साथ शुरू न करने पर हाईकोर्ट नाराज

Wed, 10 Jan 2018 09:03 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
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nursery admission - फोटो : अमर उजाला
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राजधानी के निजी स्कूलों में नर्सरी कक्षा में कम आय वर्ग (ईडब्ल्यूएस) और वंचित समूहों के बच्चों के लिए दाखिला प्रक्रिया मंगलवार से शुरू हो जाएगी। दिल्ली सरकार ने हाईकोर्ट को यह जानकारी दी।

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इससे पहले हाईकोर्ट ने सिर्फ समान्य श्रेणी के बच्चों के लिए दाखिला प्रक्रिया शुरू करने पर सरकार को आड़े हाथ लिया था। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश गीता मित्तल और  न्यायमूर्ति सी. हरिशंकर की खंडपीठ ने मामले की सुनवाई के दौरान कहा कि मीडिया में लगातार खबरें आ रही हैं कि निजी स्कूलों में अभी सिर्फ समान्य श्रेणी के बच्चों के लिए आवेदन भरे जा रहे हैं और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के अभिभावक परेशान हैं।

हाईकोर्ट ने नाराजगी जताते हुए सरकार से पूछा कि आखिर ईडब्ल्यूएस श्रेणी में भी दाखिला प्रक्रिया शुरू क्यों नहीं की गई। खंडपीठ ने मौखिक टिप्पणी करते हुए कहा कि क्या हम बैठकर बच्चों के दाखिले ही कराते रहेंगे।
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हाईकोर्ट ने नाराजगी जाहिर करते हुए शिक्षा निदेशालय को भोजनावकाश के बाद इस बारे में स्थिति स्पष्ट करने को कहा। दोपहर बाद शिक्षा निदेशालय की ओर से अधिवक्ता संतोष त्रिपाठी ने हाईकोर्ट को बताया कि 9 जनवरी से निजी स्कूलों की नर्सरी कक्षा में ईडब्ल्यूएस श्रेणी में दाखिला प्रक्रिया शुरू होगी। हाईकोर्ट सरकारी और नगर निगम के स्कूलों में संसाधनों की कमी, साफ-सफाई के अभाव से जुड़े मामले की सुनवाई कर रही थी।

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76 बच्चों का निजी स्कूलों में दाखिला कराए सरकार

- फोटो : अमर उजाला
हाईकोर्ट ने सरकार को उन 76 बच्चों का भी निजी स्कूलों में दाखिला सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया है, जिनके लिए मामले की पिछली सुनवाई पर आदेश दिए गए थे।

इससे पहले, याचिकाकर्ता संगठन की ओर से अधिवक्ता ने खंडपीठ को बताया कि निजी स्कूलों में नर्सरी की खाली सीटों पर दाखिला कराने के आदेश का पालन नहीं किया गया है।

सरकार की ओर से अधिवक्ता संतोष त्रिपाठी ने कहा कि सरकारी स्कूलों में भी बच्चों की पढ़ाई का समुचित माहौल है। खंडपीठ ने कहा है कि जब निजी स्कूलों में ईडब्ल्यूएस श्रेणी की सीटें खाली हैं तो सरकार सरकारी स्कूलों में दाखिले के लिए नहीं कह सकती।

सरकार की यह जिम्मेदारी है कि वह ईडब्ल्यूएस श्रेणी के इन बच्चों का निजी स्कूलों में दाखिला सुनिश्चित कराने के लिए त्वरित कदम उठाए। मामले की सुनवाई अब 17 जनवरी को होगी।
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