इस सत्र में होने वाली सभी परीक्षाओं को इन कंप्यूटर पर ही लिया जाएगा। छात्र के समक्ष कंप्यूटर पर ही प्रश्न आएंगे जिनका जवाब उन्हें निर्धारित समय में कंप्यूटर पर ही लिखकर सेव करना होगा।
स्कूल प्रबंधन की ओर से इसके लिए अलग सॉफ्टवेयर तैयार करवाया गया है। इसमें सभी छात्रों का वर्षों तक रिकॉर्ड संग्रहित रहेगा। स्कूल डायरेक्टर यशपाल यादव ने बताया कि इस सत्र से कक्षा तीसरी से 12वीं तक के छात्रों की ऑनलाइन परीक्षा होगी। इसके परिणाम को ऑनलाइन ही अपलोड किया जाएगा।
अभिभावक भी घर पर बैठे-बैठे अपने बच्चे की परफॉर्मेंस को ऑनलाइन देख सकेंगे। ऐसे में न केवल छात्र कंप्यूटर चलाने में दक्ष होगा बल्कि परीक्षा परिणाम पर अभिभावकों की नजर होने से छात्र पढ़ाई पर भी ध्यान लगा सकेगा।