-ऑनलाइन बुकस्टोर बुक्सवैगन ने लगाया है स्टाल, 30 सेकंड में अपनी आवाज दर्ज कर सुनिए अपनी ही जुबानी
-100 से अधिक किताबों में से किसी को भी अपनी आवाज में ऑडियो बुक के रूप में सुन सकते हैं
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
भारत मंडपम में चल रहे विश्व पुस्तक मेला में इस बार तकनीक और किताबों का अनोखा मेल दिख रहा है। मेले में लगा एक एआई-पावर्ड ऑडियोबुक बूथ पाठकों को अपनी ही आवाज में कहानियां सुनने का मौका दे रहा है। ऑनलाइन बुक स्टोर बुक्सवैगन द्वारा लगाए गए इस बूथ पर लोग अपनी आवाज रिकॉर्ड कराकर अपनी पसंदीदा किताबों को पढ़ रहे हैं। पाठकों को सिर्फ 30 सेकंड का वॉयस सैंपल देना होता है। इसके बाद वे 100 से अधिक किताबों में से किसी को भी अपनी आवाज में ऑडियो बुक के रूप में सुन सकते हैं। यहां “मोबी-डिक और किम जैसी प्रसिद्ध पुस्तकों के साथ-साथ रामायण और भगवद् गीता जैसे भारतीय ग्रंथ भी उपलब्ध हैं। बूथ पर बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। बुक्सवैगन के संस्थापक शुभम जैन ने बताया कि यह तकनीक ऑडियोबुक को एक व्यक्तिगत अनुभव बनाती है। उन्होंने बताया कि आने वाले समय में यूजर्स पूरी किताब अपनी या अपने किसी प्रियजन की आवाज में सुन सकेंगे। 14 वर्षीय छात्रा वर्षा पुंज ने इस अनुभव को बेहद खास बताया। उन्होंने बताया कि अपनी ही आवाज में कहानी सुनना ऐसा लगा जैसे मैं खुद कहानी का हिस्सा बन गई हूं। विश्व पुस्तक मेला पहली बार आम जनता के लिए निःशुल्क है। इस मेले में 35 से अधिक देशों की भागीदारी, 1,000 से ज्यादा प्रकाशक, 3,000 स्टॉल और सैकड़ों कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जिससे यह दुनिया के सबसे बड़े पुस्तक मेलों में शामिल हो गया है।