अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में एक व्यक्ति की जमानत याचिका खारिज कर दी है, जिस पर आरोप है कि उसने मैट्रिमोनियल वेबसाइट्स पर कई फर्जी प्रोफाइल बनाकर महिलाओं को शादी का झांसा देकर उनका यौन उत्पीड़न बनाए। न्यायमूर्ति गिरीश कठपालिया ने 22 सितंबर के आदेश में कहा कि प्रथम दृष्टया अभियोजन पक्ष से सहमत हैं कि आरोपी निर्दोष लड़कियों का शिकारी है। अदालत ने नोट किया कि आरोपी ने मैट्रिमोनियल वेबसाइट पर नौ फर्जी प्रोफाइल बनाई थीं, जिनमें उम्र, योग्यता और व्यवसाय/आय के अलग-अलग विवरण थे। एक प्रोफाइल तो लड़की के नाम पर भी बनाई गई थी।