भारत के मुख्य न्यायाधीश द्वारा कथित तौर पर सरकार की आलोचना करने वाले युवाओं की तुलना 'कॉकरोच' से करने के बाद एक अनोखी प्रतिक्रिया सामने आई है। इंजीनियरिंग ग्रेजुएट अभिजीत दीपके ने इस टिप्पणी पर 'एक्स' पर एक वायरल पोस्ट के माध्यम से अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की। दिपके ने कहा कि उनका मकसद कोई छात्र आंदोलन शुरू करना नहीं था।
30 साल के दीपके ने इस विचार को 'कॉकरोच जनता पार्टी' नामक एक पैरोडी प्लेटफॉर्म में बदल दिया। इस प्लेटफॉर्म को लॉन्च होने के 24 घंटे के भीतर ही 30,000 से ज्यादा सदस्य मिल गए। यह घटना सोशल मीडिया पर तेजी से फैली और युवाओं के बीच चर्चा का विषय बन गई।
भारत के मुख्य न्यायाधीश ने एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान यह टिप्पणी की थी। उन्होंने कथित तौर पर कहा था कि कुछ युवा सरकार की आलोचना करते हैं, लेकिन वे देश के विकास में कोई योगदान नहीं देते। इस टिप्पणी को कई लोगों ने युवाओं के प्रति अपमानजनक माना। सोशल मीडिया पर इस टिप्पणी को लेकर तीखी बहस छिड़ गई। कई युवाओं ने इसे अपनी आवाज दबाने का प्रयास बताया।
अभिजीत दीपके ने मुख्य न्यायाधीश की टिप्पणी को व्यंग्यात्मक रूप से लिया। उन्होंने 'कॉकरोच जनता पार्टी' बनाकर इस पर प्रतिक्रिया दी। यह प्लेटफॉर्म युवाओं को एक साथ लाने और अपनी बात रखने का एक मंच बन गया। दीपके ने स्पष्ट किया कि यह एक पैरोडी है और इसका उद्देश्य किसी राजनीतिक दल का गठन करना नहीं है। इसका मुख्य लक्ष्य मुख्य न्यायाधीश की टिप्पणी पर रचनात्मक विरोध दर्ज कराना था।