कैबिनेट मंत्री गोपाल राय ने कहा कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के काम को ऑटो चालक लोगों तक पहुंचाएंगे। वह केजरीवाल के प्रतिनिधि भी बनेंगे। वह दिल्ली के अलग-अलग ऑटो स्टैंड पर प्रतिदिन ऑटो संवाद अभियान के तहत लोगों से बात करेंगे। शनिवार को आम आदमी पार्टी कार्यालय पर आयोजित ऑटो विंग के प्रदेशस्तरीय सम्मेलन के दौरान प्रदेश संयोजक व कैबिनेट मंत्री गोपाल राय ने ऑटो संवाद अभियान चलाने का एलान किया है। मंगलवार से शुरू हो रहे अभियान का संचालन एक 14 सदस्यीय कमेटी करेगी।
राय ने जेल से केजरीवाल के भेजे संदेश को ऑटो चालकों तक पहुंचाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री को जेल में भी ऑटो चालकों की चिंता है। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा ने दिल्ली का काम रोकने और दिल्लीवालों को परेशान करने के लिए उनको जेल में डाला है। लेकिन, वह एक भी काम रुकने नहीं देंगे। कमेटी में प्रभारी गौरव सिंह, अध्यक्ष हैदर अली, उपाध्यक्ष सोनू गुप्ता, रमेश कुमार, उपाध्यक्ष अरशद प्रधान समेत कई अन्य नेता शामिल हैं।
परिवहन मंत्री भी ऑटो चालकों की समस्या को लेकर कर रहे काम : गोपाल राय
ऑटो चालकों को संबोधित करते हुए राय ने कहा कि उन्होंने तीन दिन पहले तिहाड़ जेल में केजरीवाल से मुलाकात की। उन्होंने दावा करते हुए कहा कि सबसे पहले केजरीवाल ने उनसे पूछा कि उनके जेल जाने के बाद से क्या अधिकारी ऑटो चालकों को परेशान तो नहीं कर रहे हैं। दिल्ली सरकार की तरफ से जो भी हो सकता है, उसके लिए परिवहन मंत्री काम कर रहे हैं। राय ने कहा कि देश के हर राज्य में ऑटो वाले रहते हैं। देश के अलग-अलग राज्यों में वर्षों से कई पार्टियों की सरकारें बन रही हैं। लेकिन, किसी ने ऑटो चालकों के लिए कुछ नहीं किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने संदेश दिया है कि सभी पदाधिकारी दिल्ली के 511 ऑटो स्टैंड पर दिल्ली सरकार के कामों को गिनवाते हुए ऑटो संवाद का अभियान चलाना है।
चुनाव नजदीक आते ही याद आने लगते हैं ऑटो वाले : सचदेवा
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने मंत्री गोपाल राय के ऑटो संवाद अभियान की घोषणा को राजनीति से प्रेरित बताया है। उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही ऑटो रिक्शा वाले याद आने लगते हैं। 2013 और 2015 के विधानसभा चुनावों में मुख्यमंत्री अरविंद के ब्रांड अम्बेसडर की भूमिका निभा चुके ऑटो वाले खुद को ठगा सा महसूस कर रहे हैं। परमिट ब्लैक रोकने, नए ऑटो रिक्शा स्टैंड बनवाने, उनके परिवारों के लिए स्वास्थ्य सुविधाएं देने के अलावा उनके बच्चों को बेहतर शिक्षा देने का वादा भी एक सपना बनकर रह गया। सचदेवा ने कहा कि कोठी बंगला न लेने का संकल्प दोहराने वाले केजरीवाल शीश महल में रहते हैं, पर आटो वाले आज भी ब्लैक में ऑटो खरीदने को बाध्य हैं। न तो उन्हें ऑटो स्टैंड मिला और न ही बेहतर स्वास्थ्य सुविधा।