रुड़की में दहेज के मामले में विवाहिता के साथ मारपीट और जलाने की कोशिश का मामला सामने आया है। विवाहिता ने किसी तरह अपनी जान बचाकर अपने मायके वालों को मामले की सूचना दी। उसके बाद मायके पक्ष के लोगों ने ससुराल वालों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन ससुराल वालों ने विवाहिता को घर पर रखने से इनकार कर दिया। इसके बाद विवाहिता अपने मायके वालों के साथ उनके घर चली गई। आरोप है कि पति ने घर पहुंचकर जबरन पत्नी से तलाक के कागजों पर हस्ताक्षर करवाए हैं।
सिविल लाइंस कोतवाली क्षेत्र स्थित एक गांव निवासी एक युवती की करीब छह माह पूर्व दिल्ली निवासी एक युवक से निकाह हुआ था। शादी के कुछ दिन बाद ही ससुराल वाले उसे कम दहेज लाने के ताने देने लगे। इस दौरान ससुराल वालों ने उसे लगातार प्रताड़ित किया। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट कर कमरे में बंधक बना लिया। आरोप है कि इस बीच ससुराल वालों ने दहेज की मांग का विरोध करने पर विवाहिता को जलाने की कोशिश की। उसने किसी तरह मामले की जानकारी अपने मायके वालों को दी, इसके बाद मायके वालों ने बेटी के ससुराल पहुंचकर ससुराल वालों को समझाने का प्रयास किया।
मगर ससुराल वालों ने दहेज में दस लाख रुपये देने की बात की, साथ ही रुपये न देने पर विवाहिता को घर पर रखने से इनकार कर दिया। इसके बाद मायके पक्ष के लोग बेटी को अपने साथ ले गए। आरोप है कि करीब एक सप्ताह पहले पति और अन्य लोग घर पहुंचे और बेटी से तलाक के कागजों पर जबरन हस्ताक्षर करा लिया। पीड़िता ने इसकी जानकारी अपने परिजनों को दी। पीड़िता के परिजनों ने कोतवाली पहुंचकर पुलिस को तहरीर दी है। कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि मामले में शिकायत मिली है। दोनों पक्षों से बातचीत की जा रही है। उसके बाद आगे की कार्रवाई होगी।