मूल रूप से पौड़ी और वर्तमान में गोंविंद नगर अजबपुर निवासी विंग कमांडर अनुपम गुसाईं की हृदयगति रुकने से मौत हो गई। शनिवार को लेह से वायु सेना के विशेष विमान से उनके शरीर को जौलीग्रांट एयरपोर्ट और इसके बाद उनके आवास पर लाया गया। यहां कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने उनके पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र चढ़ाकर श्रद्धांजलि अर्पित की। हरिद्वार में सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया।
भारतीय वायुसेना के होनहार अधिकारी विंग कमांडर अनुपम गुसाईं (38) पुत्र रविंद्र गुसाईं सात विंग अंबाला में विंग कमांडर के पद पर तैनात थे। वर्तमान में वह ट्रेनिंग के लिए लेह गए थे। शुक्रवार को हृदय गति रुकने से उनका देहांत हो गया था। उनके पार्थिव शरीर को भारतीय वायु सेवा के विशेष द्वारा लेह से सुबह 9 बजकर 10 मिनट पर जौलीग्रांट एयरपोर्ट लाया गया। एयरपोर्ट से उनके पार्थिव शरीर को सेना व परिजनों द्वारा साढ़े नौ बजे एंबुलेंस से उनके निवास स्थान देहरादून ले जाया गया। यहां कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत, विधायक उमेश शर्मा काऊ, सिद्धार्थ अग्रवाल सहित सैकड़ों लोगों ने विंग कमांडर अनुपम को अंतिम विदाई दी। सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने ईश्वर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना करते हुए शोकाकुल परिजनों को इस गहरे दुख को सहने की कामना की। मंत्री ने परिवारजनों को सरकार की तरफ से हर संभव मदद का भरोसा भी दिलाया।
एयरफोर्स के इंजीनियरिंग विंग में थे तैनात, पत्नी भी एयरफोर्स में विंग कमांडर
विंग कमांडर अनुपम गुसाईं सात जुलाई 2008 को एयर फोर्स में कमीशंड हुए थे। 3 जुलाई 2020 को वह विंग कमांडर बने थे। उनकी पत्नी उर्वशी भी एयरफोर्स दिल्ली में तैनात है। उनका एक छह साल का बेटा है। उनके पिता रविंद्र गुसाईं न्यू इंश्याेरेंस कंपनी से रिटायर्ड हैं। जबकि मां गृहणी हैं। बताया जा रहा है कि अनुपम गुसाईं राफेल के पहले टेक्निकल अधिकारी थे। जो फ्रांस से ट्रेनिंग लेकर आए थे। बेटे की मौत से परिजन गहरे सदमे में हैं।