गलज्वाड़ी गांव को मालिकाना हक दिलाने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान लीला शर्मा के नेतृत्व में राजस्व सचिव सचिन कुर्वे से मुलाकात की। सचिव ने उन्हें शीघ्र कार्रवाई का आश्वासन दिया।
ग्राम प्रधान लीला शर्मा ने कहा कि ब्रिटिश शासनकाल में देहरादून में गलज्वाड़ी गांव बसा। बावजूद अब तक ग्रामीणों को मालिकाना हक नहीं मिला है। गलज्वाड़ी गांव मुख्यमंत्री आवास से मात्र दो किलोमीटर दूरी है। यह ग्रामीण क्षेत्र सरकारी अभिलेखों में फॉरेस्ट लैंड के जंगल और झाड़ियों में दर्ज है। इसके कारण यहां न तो रजिस्ट्री हो पाती है। जिससे लोगों को सरकारी दस्तावेजों से भी वंचित रहना पड़ता है। पूर्व प्रधान लीला देवी ने बताया कि 2008 से उन्होंने गांव को राजस्व अभिलेखों में आबादी घोषित करवाया। पांच हजार से अधिक आबादी वाले गांव में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। राजस्व सचिव सचिन कुर्वे ने ग्रामीणों को समस्या के निस्तारण का आश्वासन दिलाया।
Iडीएम ने वाद लंबित रहने पर नाराजगी जाहिर कीI
जिलाधिकारी सोनिका ने ऋषिपर्णा सभागार में राजस्व वादों की समीक्षा की। सभी उप जिलाधिकारियों एवं तहसीलदारों को अभियान चलाकर वाद निस्तारण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने विभिन्न कोर्ट में वाद लंबित रहने पर नाराजगी जाहिर की। कहा, अधिक से अधिक वादों का निस्तारण किया जाए। उप जिलाधिकारियों को अपने स्तर पर वादों के निस्तारण की समीक्षा करने के भी निर्देश दिए। लंबित वादों के निस्तारण के लिए सप्ताह में दो दिन अनिवार्य रूप से कोर्ट लगाने के निर्देश दिए। धारा 143, 144 के वादों के निस्तारण कार्यों में तेजी लाने को कहा। इस दौरान एडीएम वित्त एवं राजस्व रामजीशरण शर्मा, उप जिलाधिकारी सदर नंदन कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट प्रत्यूष सिंह आदि मौजूद रहे।