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उत्तराखंड: भारी बर्फबारी से फिर बढ़ी ठंड, धनोल्टी जाने पर रोक, दो जिलों में बंद रहेंगे स्कूल

Fri, 17 Jan 2020 09:09 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

  • प्रदेश के ज्यादातर ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फ गिरने का अनुमान
  • निचले व मैदानी इलाकों में बारिश और ओलावृष्टि के आसार
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औली में हुई बर्फबारी का नजारा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में शुक्रवार को भी मौसम खराब रहा। पर्वतीय क्षेत्रों में बृहस्पतिवार देर रात से शुरू हुआ बारिश और बर्फबारी का सिलसिला शुक्रवार को भी जारी रहा। भारी बर्फबारी के चलते सैकड़ों गांव फिर अलग-थलग पड़ गए हैं। मौसम के बिगड़े मिजाज को देखते हुए रुद्रप्रयाग और चमोली जिले में शनिवार को कक्षा एक से 12वीं तक के समस्त सरकारी व गैर सरकारी स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया गया है। आंगनबाड़ी केंद्र भी बंद रहेंगे। 

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चमोली जिले में बदरीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब के साथ ही करीब 85 गांव बर्फ में कैद हो गए हैं। बदरीनाथ हाईवे हनुमान चट्टी से आगे पुन: अवरुद्घ हो गया है, जबकि मलारी हाईवे भी सुरांईथोटा से आगे बर्फ जमने से बंद हो गया है। उत्तरकाशी जिले की निचली घाटियों में बारिश और यमुनोत्री एवं गंगोत्री धाम समेत ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी से सीमांत जिला फिर शीतलहर की चपेट में है।

समुद्र सतह से दो हजार मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में फिर से बर्फ की सफेद चादर बिछ गई है। रुद्रप्रयाग जिले में केदारनाथ धाम समेत मद्महेश्वर, तुंगनाथ, चोपता आदि क्षेत्रों में भारी बर्फबारी हुई है। जनपद में पचास से अधिक गांव फिर से बर्फ के आगोश में आ गए हैं। केदारनाथ धाम में बीते 24 घंटों में लगभग चार फीट नई बर्फ जम चुकी है। यहां पहले से काफी बर्फ मौजूद है। मंदिर परिसर, मंदिर मार्ग समेत सभी निर्माण स्थल बर्फ से लकदक बने हुए हैं। जिला मुख्यालय रुद्रप्रयाग का धाम से संपर्क कटा हुआ है। साथ ही पुनर्निर्माण कार्य भी ठप पड़े हुए हैं। 

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भारी बर्फबारी, धनोल्टी जाने पर रोक

भारी बर्फबारी और सड़कों पर फिसलन बढ़ने से पुलिस प्रशासन ने धनोल्टी जाने पर रोक लगा दी है। शुक्रवार को पुलिस प्रशासन ने धनोल्टी जा रहे सैकड़ों पर्यटकों को जेपी बैंड पर रोक दिया। इस पर बर्फबारी का मजा लेने जा रहे पर्यटकों को मायूस होकर लौटना पड़ा। 

मसूरी और इसके आसपास सुवाखोली, बुरांसखंडा, सुरकंडा देवी, परी टिब्बा, धनोल्टी में शुक्रवार को भी अच्छी बर्फबारी हुई। इसका लुत्फ उठाने बड़ी संख्या में पर्यटक मसूरी पहुंचे। भारी बर्फबारी को देखते हुए प्रशासन ने सड़क खोलने के लिए दो जेसीबी भी तैनात की।

लेकिन सड़कों पर फिसलन बढ़ने और भीड़ के चलते यातायात व्यवस्था चरमरा रही है। इसे देखते हुए शुक्रवार को पुलिस ने धनोल्टी की ओर जाने वाले पर्यटकों को जेपी बैंड पर ही रोक दिया। इस पर पर्यटकों ने रोष जताया।

एसडीएम मसूरी वरुण चौधरी ने बताया कि एनएच अधिकारियों ने सड़कों पर फिसलन बढ़ने की जानकारी दी है। जिसकी वजह से आवागमन पर रोक लगा दी है। कोतवाल विद्याभूषण नेगी ने बताया कि पर्यटकों को परेशानी न उठाने पड़े इसके लिए उन्हें जेपी बैंड पर ही रोका जा रहा है। हालात सुधरने पर आवागमन सुचारु किया जाएगा। 

शनिवार को आधे राज्य में चलेगी शीतलहर

प्रदेश के ज्यादातर ऊंचाई वाले इलाकों में शनिवार को शीतलहर चलने के आसार हैं। वहीं, निचले पहाड़ी और मैदानी इलाकों में भी ठंड बढ़ सकती है। मौसम विभाग ने प्रदेश के अधिकांश इलाकों में कोल्ड डे कंडीशन रहने की चेतावनी दी है।

मौसम विभाग ने शनिवार को भी प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में हल्की बारिश और बर्फबारी का अनुमान जताया है। साथ ही अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में पिछले दिनों हुई बर्फबारी के बाद मौसम में ठंड बढ़ने की भी संभावना जताई है।

दो हजार मीटर से अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हो सकती है। मौसम केंद्र निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी ठंड बढ़ेगी। कई इलाकों में कोल्ड डे कंडीशन होने का अनुमान है। 
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मुनस्यारी और नैनीताल की चोटियों पर हिमपात, बागेश्वर में एक की मौत

कुमाऊं में ठंड का सितम जारी है। बागेश्वर में ठंड से मोहल्ला नदीगांव निवासी विपिन चंद्र जोशी (45) पुत्र जय दत्त जोशी की मौत हो गई। लोग उसे डॉन के नाम से जानते थे। शराब के नशे में वह रातभर भीग गया था और सुबह वह मृत मिला।

 पिथौरागढ़ जिले में मुनस्यारी और नैनीताल के ऊंचाई वाले क्षेत्र और मुक्तेश्वर, पहाड़पानी, धानाचूली और रामगढ़ में बर्फबारी से ठंड में इजाफा हो गया है। बर्फबारी से थल-मुनस्यारी सड़क के करीब 20 किमी हिस्से में बर्फ पट गई है। मुनस्यारी के लिए जौलजीबी के रास्ते वाहन संचालन हो रहा है।  दारमा घाटी को जोड़ने वाली तवाघाट-नारायण आश्रम सड़क ग्लेशियर आने से बंद हो गई है। सड़क बंद होने से लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।

सरोवर नगरी के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में यह मौसम का पांचवा हिमपात है। नैनापीक, स्नोव्यू, किलबरी और हिमालय दर्शन की पहाड़ियों में बर्फ की चादर बिछ गई। मुक्तेश्वर, धानाचूली, पहाड़पानी और रामगढ़ में दिसंबर से अब तक तीसरी बार हो रही बर्फवारी ने 15 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। अल्मोड़ा जिले में बृहस्पतिवार रात से रुक रुक कर बारिश जारी है। रात में बिनसर में बर्फबारी भी हुई जो यहां इस सीजन की चौथी बर्फबारी है।  

उधर, मौसम ठीक रहा तो देहरादून, हिंडन के लिए शनिवार को विमान उड़ान भरेगा। बृहस्पतिवार को साप्ताहिक अवकाश और शुक्रवार को विमान की नियमित जांच के कारण हवाई सेवा बंद रही। इधर तराई में बारिश से गेहूं और मटर की फसल को नुकसान हुआ है। इससे किसानों के चेहरे मुरझा गए। अखिल भारतीय किसान सभा के जिलाध्यक्ष ने सीएम से मुआवजे की मांग की है।

उधर स्वांला और अमोड़ी के बीच आलवेदर रोड पर चंपावत सीएमओ के वाहन पर बोल्डर गिर गया। हालांकि वह बाल-बाल बच गए। हादसे के बाद करीब एक घंटे तक राजमार्ग पर जाम लगा रहा। मलबा और बोल्डर आने से डीएम सहित कई अधिकारियों के वाहन जाम में फंसे रहे। वहीं, टनकपुर तवाघाट नेशनल हाईवे पर सतगढ़ के पास जीप के पिछले हिस्से पर पहाड़ी से बोल्डर गिर गया। हालांकि इसमें सवार सभी 10 यात्री बच गए लेकिन जीप क्षतिग्रस्त हो गई है। 
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