ये था पूरा मामला
बता दें कि बीते 23 दिसंबर को देवढुंग क्षेत्र में एक संस्था के निर्माणाधीन भवन में आयोजित कार्यक्रम में स्थानीय लोगों ने जमकर हंगामा काटा था। स्थानीय लोगों का आरोप था कि यहां बड़ी संख्या में लोगों को एकत्र कर धर्मांतरण कराया जा रहा था। समारोह स्थल को एक धर्म विशेष के त्योहार के लिए सजाया गया था।
समारोह की भनक लगने पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग यहां पहुंचे और कार्यक्रम के बारे में पूछताछ की। समारोह को संपन्न कराने के लिए केरल से एक धर्म विशेष के कुछ प्रमुख लोग आए थे। कार्यक्रम स्थल पर धर्मांतरण का संदेह होने पर ग्रामीणों व आयोजकों में जमकर विवाद हुआ।
ग्रामीणों ने पुलिस व प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर धर्म परिवर्तन कानून के तहत कार्रवाई करने की मांग की। ग्रामीणों ने आयोजन स्थल से धर्म विशेष की किताबों सहित अन्य सामान भी बरामद किया। इस दौरान ग्रामीणों व समारोह आयोजकों में हाथापाई भी हुई।