सुबह के समय जब सत्र में शामिल होने वाले वाहन वहां से गुजरे तो उन्हें काफी समय तक रुकना पड़ा। इसके चलते दोनों तरफ मार्ग पर वाहनों की कतार लग गई। पानी के तेज बहाव में पत्थर बहकर जा रहे थे। सुबह करीब 8.30 बजे जेसीबी पहुंची। इसके बाद सचिव समेत अन्य अधिकारियों के वाहन गदेरे को पार किया।
इसके बाद दूसरे वाहन स्वामियों ने गदेरे को जैसे-तैसे पार किया। पर वाहन स्वामियों की मुश्किल कम नहीं हुई। पाडली के पास भूस्खलन हुआ था, इसके कारण मार्ग बंद हो गया। यहां भी वाहन काफी समय से फंसे हुए थे। यहां पर पहुंची जेसीबी ने मलबा हटाया, इसके बाद आवागमन शुरू हो सका।
पाडली के आगे सिमली बाजार तक भी जगह-जगह पानी का तेज बहाव सड़क पर हो रहा था, कुछ जगहों पर भूक्षरण के बाद मलबा सड़क पर आया हुआ था। पूरे रास्ते में सरकारी अमलों की मुस्तैदी से मार्ग खोलने की कोशिश में टीम जुटी थी। सिमली के आगे हालात बेहतर थे।
रुद्रप्रयाग : देर रात मलबे में फंसे लोग
रुद्रप्रयाग में रात 1:20 बजे फांटा हेलीपैड के पास खाट गदेरा के पास मलबे में चार लोग फंस गए। : रुद्रप्रयाग आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि सूचना मिलते ही राहत एवं बचाव कार्य के लिए रेस्क्यू टीम को मौके पर भेजा गया। निकासी जारी है।