साहित्यकार कांता घिल्डियाल की ओर से दून पुस्तकालय में बृहस्पतिवार को चयनित गढ़वाली कहानियों के अनुवाद की पहली पुस्तक पानाल (पनाळ) का लोकार्पण साहित्यकार राजेश सकलानी ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कवि व समालोचक राजेश सकलानी ने की। अतिथि वक्ता के तौर पर गढ़वाली साहित्यकार मदन मोहन डुकलाण समेत अन्य लोग शामिल रहे। लोकार्पण के बाद पुस्तक पर चर्चा की गई। कथा संग्रह पनाळ में मदन मोहन डुकलाण, गणेश खुगशाल, मदन मोहन कंडवाल, लेखक सदानंद कुकरेती, विद्यावती डोभाल, रमा प्रसाद धिल्डियाल, बीना बेंजवाल, कमल रावत, बलबीर राणा समेत अन्य लोग उपस्थित रहे।