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Dehradun News: सीट के नीचे दबे थे दो बच्चे, नन्हे गोलू के ऊपर गिर गया था सामान, मुझे लगा मेरी दुनिया उजड़ गई...

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बस दुर्घटना में घायल हुई मेरठ निवासी रूपा ने सुनाई आपबीपी
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तीन साल का आरव बार-बार पूछ रहा था, पापा क्या मम्मी आईसीयू में हैं


मैं अपने तीन बच्चों के साथ मसूरी घूमने आई थी। बस खाई में गिरी तो मेरा दो महीने का गोलू भी किसी सामान के नीचे दब गया। सामान उसकी नाक पर गिरा और अचानक से उसका रोना बंद हो गया। उधर, मेरा बेटा नकुल और बेटी काव्या भी बस की सीटों के नीचे दबे थे और दर्द से कराह रहे थे। एक पल के लिए लगा कि मेरी दुनिया ही उजड़ गई है। मैं खुद लोगों के नीचे दबी थी तो कुछ कर भी नहीं पा रही थी। दून अस्पताल में भर्ती मेरठ निवासी रूपा ने कुछ इस तरह अपनी आपबीती सुनाई।

दून अस्पताल के बेड पर अपने बच्चों के साथ बैठीं रूपा अब तक घबराई हुई थीं। वह गोलू को दूध पिलाने का प्रयास कर रही थीं लेकिन वह नाक पर चोट लगने की वजह से रोए जा रहा था। उधर, इमरजेंसी में घायल कुछ अन्य बच्चे कह रहे थे कि मुझे मम्मी के पास ले चलो, मम्मी को देखना है। मेरी मम्मी क्या आईसीयू में हैं? घायल बच्चों को चुप कराने और खिलाने पिलाने के लिए अस्पताल का स्टाफ लगा था। बच्चों को टॉफी, बिस्किट, चिप्स और फ्रूटी दी जा रही थी। बच्चे इतना ज्यादा डर गए थे कि कई घंटे बाद तक उनके हाथ-पैर कांप रहे थे।
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ड्राइवर खिड़की खोलकर भाग गया

बस का ड्राइवर खिड़की खोलकर भाग गया और मुझे, मेरी बहन, मम्मी और पापा को बस में ही छोड़ दिया। बस नीचे गिर गई। तीन साल का मासूम आरव यह कहानी सुना रहा था और बार-बार अपने पापा से पूछ रहा था कि मम्मी क्या आईसीयू में हैं? वहीं, आरव की पांच साल की बहन जागृति दर्द से कराह रही थी। पिता जितेश शर्मा ने बताया कि वह लोग दिल्ली से मसूरी घूमने आए थे। पत्नी मोनिका की हालत गंभीर है। उनके दांत टूट गए हैं और सिर पर गहरी चोट आई है।



24 मार्च को हुई थी शादी, पत्नी की हालत गंभीर

मसूरी घूमने आया एक नवविवाहित जोड़ा भी इस हादसे में घायल हो गया। मुरादाबाद निवासी घायल मंगू ने बताया कि उनकी शादी शिवानी के साथ 24 मार्च को हुई थी। शादी के बाद दोनों लोग मसूरी घूमने आए थे। मंगू ने बताया कि शिवानी की हालत गंभीर है। वहीं, मंगू के हाथ और सिर में चोट आई है। उन्होंने कहा कि मेरी जिंदगी शिवानी के साथ शुरू ही हुई थी, किसी की नजर लग गई।
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मैं टिकट बनाने में व्यस्त था

बस के कंडक्टर विक्रम सिंह बिष्ट को पैर और सिर में चोट आई है। विक्रम ने बताया कि वह 2013 से बस के कंडक्टर का काम कर रहे हैं। जो ड्राइवर बस चला रहा था वह उसको पहली बार मिले थे। उन्होंने कहा कि मुझे इस बात की जानकारी नहीं कि चालक ने शराब पी थी या नहीं। मैं टिकट बनाने में व्यस्त था।
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