पछवादून व जौनसार बावर में शुक्रवार रात से हो रही बारिश ने एक बार फिर कहर बरपाया। बारिश के कारण पछवादून में बहने वाले सभी नदी-नाले उफान पर आ गए। शहरी व ग्रामीण इलाकों में जलभराव के कारण लोग परेशान रहे। उधर अमलावा नदी के बहाव ने साहिया के सामुदायिक भवन को खतरे की जद में ला दिया। वहीं जौनसार बावर के विभिन्न मोटर मार्गों पर आए मलबे और पत्थरों से 30 से अधिक मार्ग बंद हो गए।
शुक्रवार रात से शुरू हुई तेज बारिश शनिवार दोपहर बारह बजे तक जारी रही। बारिश से विकासनगर के रूद्रपुर-सोरना मार्ग पर बहने वाली गौना नदी उफना गई और तेज बहाव के कारण नदी में बना रपटा बह गया जिसके चलते क्षेत्रवासियों को नदी पार करना मुश्किल हो गया। इस दौरान कई वाहन रपटे पर फंस गए।
उधर हरबर्टपुर के वार्ड तीन में भी बारिश के कारण जलभराव हो गया। जिसके कारण लोगों का घरों से निकलना तक मुश्किल हो गया। स्थानीय निवासी शमशाद अहमद, वसीम अहमद, नदीम अहमद, राशिद अली ने बताया कि पानी की निकासी नहीं होने और सड़क निर्माण नहीं होने के कारण यह स्थिति बनी है। नगर पालिका अध्यक्ष देवेंद्र सिंह बिष्ट ने बताया कि सड़क को लेकर एक मामला कोर्ट में विचाराधीन है जिसके चलते निर्माण कार्य नहीं हो पा रहा है।
अमलावा नदी का बहाव अस्पताल की तरफ बढ़ा, सुरक्षा दीवार ढही
अमलावा नदी का जल स्तर बढ़ने के कारण सहिया क्षेत्र का सरकारी अस्पताल खतरे की जद में आ गया है। पानी का बहाव अस्पताल भवन की ओर है। तेज बहाव के कारण अस्पताल के पास स्थित नदी की सुरक्षा दीवार भी ढह गई वहीं मिट्टी में भी कटाव हो रहा है। ऐसे में खतरे को देखते हुए अस्पताल में मौजूद कर्मचारी और आसपास रहने वाले तीस परिवारों के लोग अपने घरों से बाहर निकल आए हैं। सूचना पर उप जिलाधिकारी युक्ता मिश्रा ने मौके पर पहुंच पर स्थिति का जायजा लिया और सिंचाई विभाग के अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। जिसके बाद सिंचाई विभाग ने जेसीबी व एक पोकलैंड मशीन भेजकर अस्पताल भवन को सुरक्षित करने और मिट्टी का कटाव को रोकने का काम शुरू करा दिया।
मार्ग पर मलबा आने से सैकड़ों वाहन फंसे
लगातार हो रही बारिश के चलते जौनसार बावर क्षेत्र के तीस से अधिक मार्ग मलबा आने के कारण बंद हो गए। जौनसार बावर की लाइफ लाइन माने जाने वाले कालसी-चकराता मोटर मार्ग पर जजरेड के पास पत्थर व मलबा आने के कारण दोनों तरफ सैकड़ों की तादाद में वाहन फंस गए। इसके अलावा साहिया-समाल्टा, कथियान-त्यूणी मोटर मार्ग, बिरमोऊ मोटर मार्ग, सैंज मोटर मार्ग मलबे से बंद होने के चलते आवाजाही प्रभावित हुई। इसके अतिरिक्त किसानों की फसलें भी समय से मंडी नहीं पहुंच सकी। लोनिवि के अधिशासी अभियंता प्रत्यूष कुमार ने बताया कि बंद हुए मार्गों को खोलने का काम जारी है।