शहर में खराब स्ट्रीट लाइटों को बदलने में लाइटों की कमी की बाधा कुछ हद तक दूर हुई है। निगम को 1500 नई लाइटें मिल गई हैं, वहीं 1260 लाइटें मरम्मत के बाद नगर निगम को उपलब्ध करा दी गई हैं। हाल ही में अमर उजाला ने स्ट्रीट लाइटों की कमी का मुद्दा उठाया था, जिसके बाद निगम को नई लाइटें मिल गई हैं।
शहर में खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों को काफी लंबे समय से ठीक नहीं कराया गया था। पिछले दिनों डीएम ने सविन बंसल इन लाइटों को ठीक कराने के निर्देश दिए तो लाइटों की कमी इसमें अवरोध बन गई। डीएम ने निर्देश दिए कि पुरानी लाइटों को ठीक कराने के साथ ही नई लाइटें भी मंगाई जाएं। वहीं मुख्य नगर आयुक्त को स्ट्रीट लाइट की प्रतिदिन की प्रगति उपलब्ध कराने को कहा। नगर निगम की टीम ने 500 स्ट्रीट लाइट ठीक करा दी हैं, वहीं रात्रि पेट्रोलिंग टीम गश्त कर स्ट्रीट लाइटों की स्थिति का जायजा ले रही है। मॉनीटिरिंग के लिए चार सेक्टर अधिकारी नियुक्त किए गए हैं।
डीएम सविन बंसल ने बताया कि ईएसएल की ओर से मेरठ वर्कशाप से 2800 रिपेयरिंग स्ट्रीट लाइट में से 1260 लाइट नगर निगम को उपलब्ध करा दी गई हैं। इसके अलावा 1500 नई लाइटें मिल गई हैं। इन लाइटों में से ही 400 स्ट्रीट लाइटें प्रतिदिन ठीक करने का लक्ष्य दिया गया है। टीमों को खराब लाइटों को 48 घंटे के भीतर मरम्मत कर नगर निगम को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। बैठक में नगर आयुक्त गौरव कुमार, अपर नगर आयुक्त बीर सिंह बुदियाल, यूसीएन गौरव भसीन आदि मौजूद रहे।