उसने यह भी बताया कि वह बचपन में 12 साल की उम्र में एक बाबा उसे बांग्लादेश से बॉर्डर पार कर भारत के कोलकाता ले आया था। यहां कुछ माह गुजारने के बाद वह अजमेर शरीफ, अहमदाबाद और कन्नौज में रहा। कन्नौज से वह दिल्ली आया और दिल्ली से कलियर आ गया था। उसके पास से कोई पासपोर्ट भी नहीं मिला है।
थाना प्रभारी प्रमोद कुमार ने बताया कि बांग्लादेशी नागरिक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। इस दौरान टीम में एलआइयू कलियर प्रभारी दर्शन सिंह नेगी, सतीश सिह जोशी, अमित गिरि आदि शामिल रहे।