जिला पंचायत गांवों में स्वच्छता की मुहिम को धार देने लगी है। कूड़ा निस्तारण के लिए ग्रामीण अंचलों से पहुंचने वाले प्लास्टिक कूड़े का संग्रहण कर इससे आमदनी शुरू की जा रही है। अब तक दो लाख रुपये की आमदनी हो चुकी है। वहीं आने वाले दिनों में जिले में कूड़ा छंटनी केंद्र और अधिक संख्या में संचालित करने की तैयारी है।
जिला पंचायत दून की ओर से वित्तीय वर्ष 2022-23 में पांच प्लास्टिक कूड़ा छंटनी केंद्र स्थापित करने के प्रस्ताव पारित हुए थे। छंटनी केंद्रों में एनएच, स्टेट हाइवे व ग्रामीण क्षेत्रों से ठेकेदारों के माध्यम से प्लास्टिक कूड़े का संग्रहण किया जाना था। जिला पंचायत की ओर से इन पांचों छंटनी केंद्रों को स्थापित करने में करीब 55 लाख रुपये की धनराशि खर्च की जानी थी। जिले के चकाराता विकासखंड के त्यूनी, डोईवाला के जीवनवाला और रायपुर के घनौली में छंटनी केंद्रों का संचालन शुरू हो चुका है। हालांकि, अभी तक विकासनगर के डाकपत्थर और कुल्हाल में यह केंद्र संचालित नहीं हो सके हैं। उधर, जिला पंचायत अधिकारियों ने कहा कि डाकपत्थर और कुल्हाल में सेंटर संचालित करने के लिए तैयारियांं की जा रही है। आने वाले दिनों में सेग्रीगेशन सेंटर का संचालन यहां पर शुरू हो जाएगा।
सेग्रीगेशन सेंटर से जिला पंचायत को लाखों रुपये की आमदनी
प्लास्टिक कूड़े के निस्तारण के लिए कंपनियों से करार किया गया है। जीवनवाला और त्यूनी सेंटर पर कॉम्पेक्टर मशीन के माध्यम से प्लास्टिक कूड़े के बंडल बनाकर सेलाकुई कंपनी में भेजे जा रहे हैं। जहां पर प्लास्टिक कूड़े की रिसाइक्लिंग कर अन्य सामान बनाने में प्रयोग किया जा रहा है। सामान बेचने से सेग्रीगेशन सेंटर को दो लाख की आमदनी हो चुकी है। जबकि रायपुर के कुल्हाल सेंटर का संचालन एनजीओ की ओर से किया जा रहा है।
सेग्रीगेशन सेंटर से जिला पंचायत की आमदनी शुरू हो चुकी है। इनके संचालन से कूड़ा निस्तारण करने में बेहतर परिणाम मिल रहा है। जिला पंचायत की ओर से आने वाले दिनों में और भी सेग्रीगेशन सेंटर संचालित करने पर विचार किया जा रहा है। - गणेश कुमार भट्ट, अपर मुख्याधिकारी देहरादून