पुलिस ने नाबालिग को मां बनाने के आरोपी फौजी को ढूंढ लिया है। आरोपी जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा में तैनात बताया गया है। पुलिस ने आरोपी को जम्मू से लाने की तैयारी शुरू कर दी है। काफी समय से आरोपी का लोकेशन नहीं मिल पा रही थी। इस मामले में 31 मार्च को विकासनगर में जीरो एफआईआर दर्ज कर कैंट कोतवाली को विवेचना के लिए स्थानांतरित की गई थी।
कैंट क्षेत्र में रहने वाली एक नाबालिग ने 26 मई को दून अस्पताल में बेटे को जन्म दिया था। मामला मीडिया में सुर्खियां बना तो पुलिस हरकत में आई। दरअसल, विकासनगर क्षेत्र की रहने वाली नाबालिग को एक फौजी शादी का झांसा देकर 2018 में देहरादून ले आया था। फौजी ने उसे कैंट इलाके में कमरा किराए पर लेकर रखा हुआ था।
इसी बीच नाबालिग गर्भवती हो गई तो फौजी भूमिगत हो गया। पता चला कि फौजी का स्थानांतरण कहीं और हो गया। पीड़ित पक्ष ने 31 मार्च को विकासनगर कोतवाली में नाबालिग से दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने जीरो एफआईआर दर्ज कर उसे जांच को कैंट कोतवाली स्थानांतरित कर दिया था।
पुलिस अधीक्षक नगर श्वेता चौबे ने बताया कि कई दिन की भागदौड़ के बाद आरोपी फौजी के बारे में सटीक जानकारी मिल गई है। वह जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा में तैनात बताया गया है। फौजी को जम्मू-कश्मीर से यहां लाने के लिए सेना के अफसरों से बातचीत चल रही है। उन्हाेंने बताया कि आरोपी को दून लाकर डीएनए टेस्ट भी कराया जाएगा।
डीएनए टेस्ट की अनुमति मिली
अदालत ने नाबालिग को मां बनाने के मामले में डीएनए टेस्ट कराने की अनुमति प्रदान कर दी है। एसपी सिटी ने बताया कि कैंट कोतवाली के विवेचक ने बच्चे और आरोपी पिता का डीएनए टेस्ट कराने का प्रार्थना दिया था। अदालत ने डीएनए टेस्ट की अनुमति दे दी है। उन्हाेंने बताया कि जल्द ही इस प्रक्रिया को पूरा कर लिया जाएगा।