लोकसभा चुनाव के लिए वाहनों के अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी है। परिवहन विभाग अब तक करीब 314 वाहनों का अधिग्रहण कर चुका है। इन वाहनों को ड्यूटी पोलिंग पार्टियों को लाने और ले जाने में लगाया जाएगा। 19 अप्रैल को मतदान होना है। इस स्थिति में 17 अप्रैल से अधिग्रहित वाहन चुनाव ड्यूटी में लग जाएंगे। 19 अप्रैल को चुनाव संपन्न होने के बाद देर रात तक वाहन अधिग्रहण से मुक्त हो सकेंगे। इस बीच तीन दिन सड़क पर अपेक्षाकृत वाहन कम संख्या में दौड़ेंगे। इससे यात्रियों को आने-जाने में असुविधा होगी।
यूटिलिटी संघ चकराता के अध्यक्ष गजेंद्र चौहान का कहना है कि जौनसार बावर की यातायात व्यवस्था छोटे वाहनों पर टिकी है। वर्तमान में संघ से जुड़े करीब 250 से अधिक वाहन हैं, जो रोजाना मुख्य बाजारों से गांवों के संपर्क रूट पर दौड़ते हैं। उनका कहना है कि शादियों के मूर्हत के साथ ही 16 और 17 अप्रैल को जगह-जगह बिस्सू मेले का आयोजन होना है। यदि वाहनों की कमी होगी तो मजबूरी में लोगों को ओवरलोड वाहनों में सफर करना पड़ेगा। शादियों के लिए सामान ढोने में भी परेशानी होगी। लोगों को असुविधा न हो इसके लिए अधिग्रहण से पूर्व परिवहन विभाग को संघ से वार्ता करनी चाहिए।
112 बस, 202 छोटे वाहन अधिग्रहित
चकराता विधानसभा के लिए अभी तक 15 बस, 190 छोटे वाहन, विकासनगर विधानसभा 30 बस, नौ छोटे वाहन, सहसपुर विधानसभा के लिए 67 बस और तीन छोटे वाहन अधिग्रहित किए गए हैं।
एआरटीओ प्रवर्तन रावत सिंह ने कहा कि अभी वाहनों के अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी है। 16 अप्रैल तक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी कि कुल कितने वाहन अधिग्रहित हुए हैं। शादी और अन्य जरूरी आयोजन के लिए मानवीय पहलू के आधार पर छूट दी जाएगी।