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चमोली: भालू के आतंक से बंगथल में मचा हड़कंप, दो गौशालाएं तोड़कर एक बैल को मार डाला, दो मवेशी घायल

Sun, 01 Nov 2026 04:24 PM IST
Alka Tyagi संवाद न्यूज एजेंसी, पोखरी(चमोली)

सार

बीती रात भालू ने बंगथल निवासी भगत लाल की गौशाला तोड़कर एक बैल को मार डाला व दूसरे बैल को घायल कर दिया। इसके बाद भालू ने सुरेंद्र सिंह नेगी की गौशाला को निशाना बनाते हुए वहां बंधी गाय को घायल कर दिया।
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भालू के हमले से ग्रामीणों में आक्रोश - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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विकासखंड के चंद्रशिला पट्टी में भालू का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। लगातार हो रहे हमलों से ग्रामीणों और पशुपालकों में दहशत का माहौल है। बीती रात बंगथल गांव में भालू ने दो गौशालाएं तोड़कर एक बैल को मार डाला, जबकि एक अन्य बैल और गाय को घायल कर दिया। लगातार हो रहे मवेशियों के नुकसान से आक्रोशित ग्रामीणों ने मृत बैल को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। करीब एक घंटे तक चले जाम के बाद वन विभाग के अधिकारियों के लिखित आश्वासन पर ग्रामीणों ने आंदोलन समाप्त किया।

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जानकारी के अनुसार, बीती रात भालू ने बंगथल निवासी भगत लाल की गौशाला तोड़कर एक बैल को मार डाला व दूसरे बैल को घायल कर दिया। इसके बाद भालू ने सुरेंद्र सिंह नेगी की गौशाला को निशाना बनाते हुए वहां बंधी गाय को घायल कर दिया। इससे दो दिन पहले भी इसी गांव में दिलबर सिंह नेगी की गौशाला तोड़कर भालू उनकी दुधारू गाय को मार चुका है। चंद्रशिला पट्टी में भालू के हमलों का सिलसिला लगातार बढ़ता जा रहा है। तीन दिन पहले डुंगर गांव में राजेंद्र सिंह नेगी की दुधारू गाय को भालू ने मार डाला था। चार दिन पहले किमोठा में इंदू देवी किमोठी की दुधारू गाय को अपना निवाला बनाया। वहीं, एक सप्ताह पहले कांडई चंद्रशिला में संजय किमोठी की गौशाला तोड़कर दुधारू गाय को मार डाला था और कलावती देवी के बैल को घायल कर दिया था।

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बीती रात बंगथल में हुई घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान ज्योति देवी के नेतृत्व में गांव के नीचे सड़क पर मृत बैल को रखकर जाम लगा दिया। ग्रामीणों ने वन विभाग के खिलाफ नाराजगी जताते हुए कहा कि लगातार मवेशियों को मारने के बावजूद भालू के आतंक से निजात दिलाने के लिए प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।  

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