सहसपुर थाना क्षेत्र के बैरागीवाला में डंपर चालक से मारपीट के मामले में न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने एक परिवार के चार लोगों पर मुकदमा दर्ज किया है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि घटना के बाद सहसपुर थाने में तहरीर देने के बाद भी पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया था।
न्यायालय में दिए प्रार्थना पत्र में बैरागीवाला निवासी शाहरुख ने बताया कि 29 मार्च को शाम करीब चार बजे वह अपना डंपर लेकर घर लौट रहा था। गांव के भीतर जाने वाले पक्के रास्ते पर गांव के ही शहजाद ने अपनी कार लगा रखी थी। बताया कि उसने शहजाद को कार साइड करने के लिए कहा। इस पर शहजाद और आशु उससे गाली-गलौज करने लगे। बताया कि उसने विरोध किया तो दोनों ने हाथ खींचकर डंपर से नीचे गिरा दिया। दोनों ने चालक शाहरुख को लात-घूंसों, लाठी व डंडों से पीटना शुरू कर दिया।
शिकायतकर्ता ने बताया कि शहजाद की पत्नी आयशा और बेटे शहजाब ने भी पास में पड़ी सेटरिंग से बुरी तरह से मारा। बताया कि मारपीट के दौरान उसके दाहिने हाथ की कोहनी में क्रैक आ गया। किसी तरह मौके से भागकर चारों से अपनी जान बचाई। बताया कि उन्होंने सहसपुर थाने में तहरीर दी थी लेकिन थाना पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। इसी कारण उनको न्याय के लिए न्यायालय की शरण लेनी पड़ी। न्यायालय ने थाना पुलिस को आरोपियों के खिलाफ संबंधी धाराओं में मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया। सहसपुर थाने के वरिष्ठ उपनिरीक्षक वैभव गुप्ता ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर चारों आरोपियों खिलाफ मारपीट, आपराधिक धमकी आदि संबंधी धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। बताया कि मामले की जांच की जा रही है।