शीशमबाड़ा स्थित सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट एवं रिसाइक्लिंग प्लांट के संचालन का काम रैमकी कंपनी से वापस लिया जाएगा। इसके संचालन के लिए नगर निगम ने नए सिरे से ई-टेंडर जारी कर दिया है। कंपनी ने एक सितंबर से काम बंद करने की चेतावनी दी थी। इसके बाद निगम वैकल्पिक व्यवस्था बनाने पर काम कर रहा था।
कूड़ा निस्तारण प्लांट का संचालन कर रही रैमकी कंपनी और नगर निगम प्रशासन के बीच लंबे समय से रार चल रही थी। निगम लगातार कंपनी पर लापरवाही बरतने का आरोप लगा रहा है। निगम अधिकारियों का कहना कि कंपनी कूड़ा निस्तारण ठीक से नहीं कर रही है। इसके चलते प्लांट में कूड़े का पहाड़ खड़ा हो गया है। वहां और कूड़े के लिए जगह नहीं बची।
ऐसे में विकासनगर, हरबर्टपुर और मसूरी नगरपालिका के कूड़े को प्लांट में डंप करने से रोकना पड़ा। वहीं, कंपनी का कहना है कि उसको टाइम से भुगतान नहीं हो रहा है, जिससे समस्या खड़ी हो रही है। जबकि, सूत्रों का कहना है कि कंपनी अब एनर्जी प्लांट की भी मांग कर रहा है। कई महीनों से चल रहे इस रार के बीच कंपनी ने एक सितंबर से काम बंद करने की चेेतावनी दे डाली।
इससे रार और बढ़ गया। निगम अधिकारियों ने नोटिस देकर बातचीत के लिए बुलाया, लेकिन कंपनी से अभी तक कोई नहीं पहुंचा। ऐसे में नगर निगम ने कंपनी से काम छीनने का मन बना लिया है। कूड़ा निस्तारण प्लांट के संचालन के लिए नया टेंडर जारी कर दिया गया है। 12 सितंबर को टेंडर जमा करने की अंतिम तिथि है।
रैमकी कंपनी ने कूड़ा निस्तारण प्लांट के संचालन का काम छोड़ने की चेेतावनी दी है। ऐसे में वैकल्पिक व्यवस्था जरूरी है। लंबे समय के बजाय अब पांच साल के लिए प्लांट के संचालन का काम नई कंपनी को दिया जाएगा। काम ठीक होने पर ही अनुबंध बढ़ाया जाएगा।
-सुुनील उनियाल गामा, मेयर, देहरादून